पिथौरागढ़। एआरटीओ कार्यालय में लाइसेंस बनाने के लिए लोग चक्कर काटने को मजबूर हैं। बावजूद इसके लोगों के लाइसेंस नहीं बन पा रहे हैं। लोगों का कहना है कि रोज कार्यालय के चक्कर काटते-काटते वे थक गए हैं। ऐसे में कार्यालय में तैनात कर्मचारी उन्हें दो दिन बाद या पांच दिन बाद आना कहकर टाल रहे हैं।
एआरटीओ कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस बनाने के लिए आने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि उन्होंने लाइसेंस बनाने के लिए दो माह पूर्व नगर के साइबर कैफे से ऑनलाइन आवेदन किया था। ऑनलाइन आवेदन करते वक्त उनसे 500 रुपये लिए गए जबकि ऑनलाइन आवेदन का शुल्क 300 रुपये निर्धारित है। उन्होंने कहा लाइसेंस बनाने के लिए एआरटीओ कार्यालय के कर्मचारी काफी देरी कर रहे हैं। इसका फायदा बिचौलिये जमकर उठा रहे हैं। वह लोगों से मनमाने रुपये लेकर उन्हें लूटने का काम कर रहे हैं। इसके बाद भी बिचौलियों पर कोई कार्रवाई नहीं हो पा रही है। लाइसेंस नहीं बनने से धारचूला, मुनस्यारी, डीडीहाट, थल, कनालीछीना सहित कई अन्य हिस्सों से आने वाले लोगों को परेशानी हो रही है। बावजूद इसके कार्यालय में बैठे कर्मचारी उन्हें दो दिन बाद आना, पांच दिन बाद आना कहकर टाल रहे हैं।
लाइसेंस बनाने के लिए दो माह पूर्व साइबर कैफे से आवेदन किया था। अभी तक लाइसेंस नहीं मिल पाया है। हर दूसरे-तीसरे दिन एआरटीओ कार्यालय के चक्कर काटने को मजबूर हूं।
-मनोज भट्ट
लाइसेंस बनाने के लिए साइबर कैफे संचालक भी मनमाना पैसा वसूल रहे हैं। एआरटीओ कार्यालय जाने पर वहां बिचौलिया भी मुंह मांगे पैसे मांग रहा है।
- बसंत भट्ट
ड्राइविंग लाइसेंस बनाने को आए लोगों को कोई दिक्कत न हो इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा है। लोगों से मनमाने रुपये वसूलने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।
नंदकुमार, सहायक परिवहन अधिकारी पिथौरागढ़।