बेड़ीनाग (पिथौरागढ़)। राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय बेड़ीनाग के रसायन शास्त्र विभाग के शोधार्थियों ने वन हल्दी में एंटीबैक्टीरियल और एंटिफंगल गुणों से भरपूर नैनोपार्टिकल्स की खोज की है।
यह शोध अंतरराष्ट्रीय शोध पत्रिका साइंस डायरेक्ट के जर्नल ऑफ मॉलिक्यूलर स्ट्रक्चर में प्रकाशित हुआ है। शोधकर्ताओं का कहना है कि यह अध्ययन हिमालयी वनस्पतियों से प्राप्त जैव संसाधनों के वैज्ञानिक और सतत उपयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
शोध कार्य मनोज प्रसाद टम्टा और डॉ. महेश चंद्र विश्वकर्मा के निर्देशन में किया गया। इस अनुसंधान में महाविद्यालय के प्रो. डॉ. बालम सिंह बिष्ट, एसएसजे विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. नरेंद्र सिंह भंडारी, एसएसजे विश्वविद्यालय के रसायन विभाग के प्रो. एसके जोशी तथा जीबी पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के डॉ. रवेंद्र कुमार का सहयोग रहा।
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. बीएम पांडे ने बताया कि इस शोध में वन हल्दी से सिल्वर नैनोपार्टिकल्स का हरित (ग्रीन) संश्लेषण किया गया जिसमें प्रभावी एंटीबैक्टीरियल और एंटिफंगल गुण पाए गए हैं।
शोधकर्ताओं के अनुसार यह पर्यावरण-अनुकूल विधि जैव सक्रिय नैनोकणों के निर्माण का एक नया मार्ग खोलती है जो भविष्य में औषधीय उपयोगों और जल शोधक तकनीक के विकास में सहायक हो सकती है।
प्रो. पांडे ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह महाविद्यालय के लिए गर्व का विषय है। इससे अन्य छात्र-छात्राओं को अनुसंधान के क्षेत्र में नई प्रेरणा मिलेगी।