पिथौरागढ़। अगस्त क्रांति की पूर्व संध्या पर पिथौरागढ़ के प्रमुख नौ स्वतंत्रता सेनानियों के परिजनों सहित विभिन्न संगठनों ने मानसरोवर वाटिका में नौ पौधे लगाकर श्रद्धांजलि दी।
शनिवार को आयोजित एक कार्यक्रम में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी जवाहर सिंह खाती, चिंतामणि शर्मा, गंगादत्त शर्मा, काशीराम मखौलिया, कृष्णानंद उप्रेती, तारादत्त भट्ट, जमन सिंह खड़ायत, जमन लाल वल्दिया, बच्ची लाल साह के नाम पर एक-एक पौधा लगाया। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि महात्मा गांधी के नेतृत्व में नौ अगस्त 1942 को शुरू हुआ भारत छोड़ों आंदोलन स्वतंत्रता संग्राम का अंतिम पड़ाव था, जिसने अंग्रेजी हुकूमत की नींवें हिला दी थी।
समाजसेवी जुगल किशोर पांडेय के संचालन में आयोजित कार्यक्रम में केएमवीएन के दिनेश गुरुरानी, सेनानी परिवार के डा.जीके शर्मा, केडी भट्ट, दीवान सिंह वल्दिया, रमेश चंद्र शर्मा, पूरन चंद्र मखौलिया, कैलाश साह, राजेश मोहन उप्रेती, मनोहर सिंह खाती, चंचल सिंह खड़ायत, डीएन भट्ट, प्रेम सिंह बिष्ट, सुरेश प्रसाद, धनीराम चन्याल, गिरधर बिष्ट मौजूद रहे।