थल (पिथौरागढ़)। उत्तराखंड विकेंद्रीकृत जलागम विकास परियोजना ग्राम्या 2 अधीन उन्नति स्वायत्त सहकारिता किसान संघ थल के 55 ग्राम समूहों के संगठन प्रगति इच्छुक समूह करेला की महिलाओं ने जैविक उत्पादों से होली का रंग और गुलाल तैयार किया है।
समूह की महिलाओं ने एक क्विंटल रंग और गुलाल तैयार किया है। समूह ने रंग, गुलाल की पैकेजिंग कर स्वयं विपणन की व्यवस्था भी कर ली है। ग्राम्या थल, गोचर के प्रभारी हेमेंद्र नेगी ने बताया समूह ने उत्पाद को बेचने के लिए बाजार में स्टाल लगाया गया है। समूहों का रंग, गुलाल बाजार में आ रहे गुलाल, रंग को कड़ी टक्कर दे रहा है। बताया कि रंग, गुलाल पूरी तरह से खाने वाले जैविक उत्पादों से बनाया गया है।
उन्नति स्वायत्व सहकारिता किसान संघ के अध्यक्ष मदन उपाध्याय ने बताया कि चंदन और पिठ्या (रोली) भी तैयार किया जा रहा है। समूह की सदस्य नीमा देवी, पुष्पा देवी ने बताया कि समूह से जुड़कर इससे उन्हें नई-नई चीजें सीखने को मिल रही हैं। इससे महिलाओं की आमदनी बढ़ रही है। बाजार की मांग को देखते हुवे उनका समूह इसी तरह के सीजनल उत्पाद बनाकर अपना रोजगार स्वयं ढूंढेंगी।