पिथौरागढ़। पंचेश्वर बांध के डूब क्षेत्र के बारे में वाप्कोस कंपनी की ओर से तैयार सामाजिक आकलन रिपोर्ट को मानने से महाकाली की आवाज संगठन ने इनकार कर दिया है।
संगठन का कहना है कि सामाजिक आकलन रिपोर्ट फिर से तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि डूब क्षेत्र की एक लाख 80 हजार की आबादी का भविष्य तय करने का दायित्व वाप्कोस कंपनी नहीं निभा सकती। उन्होंने इस कंपनी की अब तक की सारी गतिविधियों को गैर जिम्मेदार मानते हुए कहा है कि उच्चाधिकारियों के निर्देश के बाद भी कंपनी के अधिकारी जिले में उपस्थित नहीं हो रहे हैं।
संगठन के संयोजक शंकर खड़ायत ने कहा कि सबसे पहले सामाजिक, पर्यावरण और आर्थिक सर्वेक्षण का काम किसी दूसरी एजेंसी को सौंपा जाए। उस कंपनी को यह जिम्मेदारी दी जाए कि वह गांव-गांव जाकर लोगों की समस्याएं सुने, लोगों की सामाजिक स्थिति का गहराई से अध्ययन करें, पर्यावरण को होने वाले नुकसान का सही तरीके से आकलन करें।
उन्होंने कहा कि वाप्कोस का अब क्षेत्र में विरोध किया जाएगा। इधर, प्रशासन ने डूब क्षेत्र में पेड़ों की गिनती का काम शुरू कर दिया है। इसे लेकर भी लोगों में भारी नाराजगी है।