डीडीहाट/पिथौरागढ़। चिन्हित राज्य आंदोलनकारी समिति की बैठक में राज्य आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले डीडीहाट के लोगों का चिन्हीकरण नहीं होने पर रोष जताया गया। कहा गया कि सरकार राज्य आंदोलनकारियों के साथ अन्याय कर रही है।
डीडीहाट के रामलीला मैदान में समिति के मंडलीय अध्यक्ष दिनेश गुरुरानी की अध्यक्षता और तरुण पाल के संचालन में हुई बैठक में कहा गया कि राज्य आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले डीडीहाट के आंदोलनकारियों का चिन्हीकरण नहीं किया गया है। लोगों ने कई वर्षों तक राज्य आंदोलन की लड़ाई लड़ी। वर्ष 1994 के निर्णायक आंदोलन में लोगों की अहम भूमिका रही। गुरुरानी ने कहा कि सरकार ने क्षैतिज आरक्षण के मामले में हाइकोर्ट में उचित पैरवी नहीं की। न्यायालय ने आरक्षण समाप्त कर दिया। कहा कि आंदोलनकारी अपने सम्मान की लड़ाई स्वयं लड़ेंगे।
बैठक में राज्य आंदोलनकारी समिति डीडीहाट की कार्यकारिणी का गठन कर वीरजंग पाल को अध्यक्ष, तरुण पाल को महामंत्री, दान सिंह कन्याल को वरिष्ठ उपाध्यक्ष, गोविंद सिंह रावत, सुनील साह को उपाध्यक्ष, लक्ष्मी देवी को महिला उपाध्यक्ष, पप्पू खोलिया को संयुक्त मंत्री, दिनेश जोशी को कोषाध्यक्ष, गोविंद बल्लभ भट्ट, गोविंद लाल साह, शेर सिंह शाही, दीवान सिंह सामंत, भवान सिंह अल्मिया, होशियार कन्याल, महिमन सिंह, दीवान सिंह देउपा, सरेंद्र भड़ को सलाहकार चुना गया।