गंगोलीहाट (पिथौरागढ़)। मणकनाली से जाखनी-भामा-पाभें के लिए स्वीकृत 7.2 किमी सड़क का निर्माण करने की मांग को लेकर ग्रामीणों का क्रमिक अनशन पांचवें दिन भी जारी रहा। आंदोलन की अनदेखी को लेकर लोगों में गुस्सा है। वहीं, बुधवार को पाभें के पूर्व प्रधान भूपाल सिंह, हयात सिंह, भूपाल सिंह, गुसाईं सिंह, केदार सिंह क्रमिक अनशन पर बैठे।
अनशन स्थल पर हुई सभा में मणकनाली-पाभें सड़क निर्माण संघर्ष समिति के अध्यक्ष चंचल सिंह, संरक्षक पुष्कर सिंह भंडारी, हरगोविंद महरा, उपाध्यक्ष पूरन महरा ने आरोप लगाया कि शासन ने जाखनी, भामा, पाभें क्षेत्र की हमेशा उपेक्षा की है। लोगों के संघर्ष के बाद वर्ष 2016 में सड़क स्वीकृत हुई, सड़क के लिए टेंडर हो गए, लेकिन निर्माण नहीं किया जा रहा है। लोनिवि का पीएमजीएसवाई डिवीजन वन भूमि का निस्तारण न होने की बात कर रहा है। कहा कि सड़क न होने से इलाके के लोगों को 3 से 9 किमी पैदल चलना पड़ रहा है।
उधर, अनशनकारियों के समर्थन में जिला पंचायत सदस्य हरीश भंडारी, पूरन महरा, व्यापार मंडल अध्यक्ष हरीश धानिक, उपाध्यक्ष संजय रावल, महासचिव केशर सिंह, कोषाध्यक्ष कमलेश उप्रेती, पूर्व व्यापार संघ अध्यक्ष मुकेश रावल, विरेंद्र सिंह, हेम चंद्र, कैलाश भंडारी, बहादुर सिंह, सुरेश चंद्र, बृजेश जोशी आदि ने धरना दिया।