पिथौरागढ़/मुनस्यारी। पहाड़ पर ठंड का प्रकोप बढ़ने लगा है। पिथौरागढ़ जिले के तापमान में गिरावट का क्रम जारी है। जिला मुख्यालय में बृहस्पतिवार का न्यूनतम तापमान बुधवार की तुलना में 0.1 डिग्री सेल्सियस कम हो गया। बुधवार को यहां का न्यूनतम तापमान 2.2 डिग्री रहा। बृहस्पतिवार को यह 2.1 डिग्री रिकार्ड किया गया।
दिन में तेज हवा चलने से अधिकतम में भी 1 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, मुनस्यारी में बृहस्पतिवार को भी न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे रहा। मुनस्यारी में चारों तरफ जमकर पाला गिर रहा है। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल मौसम में कोई खास बदलाव की संभावना नहीं है। कुछ दिनों तक लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ेगा।
लंबे समय से बारिश न होने के कारण पूरा जिला इस समय सूखी ठंड की चपेट में है। जिले के ऊंचाई वाले इलाकों में ठंड के कारण सामान्य जनजीवन पर असर पड़ रहा है। शाम के समय बाजार जल्दी बंद हो रहा है। लोग ठंड में आवागमन करने से भी बच रहे हैं। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि रात के तापमान में गिरावट आने के कारण पाला गिरेगा। इस कारण सुबह के समय ठंड का असर ज्यादा होगा। घाटी वाले इलाकों में कोहरे का प्रकोप बना हुआ है। कोहरे के कारण दृश्यता कम हो रही है। साथ ही वाहनों के संचालन में भी दिक्कत आ रही है।
ठंड में बीमारियों की आशंका बढ़ेगी
पिथौरागढ़। सूखी ठंड में कई तरह की बीमारियों की आशंका रहती है। मुख्य रूप से सर्दी, जुकाम, खांसी का प्रकोप ऐसे ही मौसम में होता है। डॉक्टरों का कहना है कि इस तरह की परेशानियों से बचने के लिए ठंडे पानी का किसी भी दशा में प्रयोग न किया जाए। पीने के लिए गर्म पानी का ही उपयोग किया जाए। ठंड और पाले में चलते समय सावधानी बरती जाए। जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. नरेंद्र शर्मा ने बताया कि इस मौसम में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। धूल से बचाव के भी उपाय किए जाएं।