मुनस्यारी (पिथौरागढ़)। मुनस्यारी फोटोग्राफर एसोसिएशन ने नंदादेवी पार्क डांडाधार में स्थानीय परंपरागत परिधानों की प्रदर्शनी लगाई और इन परिधानों में सजे लोगों की फोटोग्राफी की। परंपरागत परिधानों के सहारे पर्यटन विकास के लिए यह कदम उठाया गया।
मुनस्यारी के जनजाति परिवारों में महिलाएं विशेष तरह का घाघरा, आंगड़ा (ब्लाउज) पहनती हैं। सोने के जेवरों को खास अवसर पर जरूर पहना जाता है। इसी तरह पुरुष वर्ग सिर पर पगड़ी, अचकन, चूड़ीदार पायजामा पहनते हैं। यह बात अलग है कि नई पीढ़ी के लोग अब इस तरह के पहनावे से दूर होती जा रही है।
फोटोग्राफी एसोसिएशन के अध्यक्ष भूपेंद्र रावत ने कहा की स्थानीय परिधानों को हिमाचल की तर्ज पर पर्यटकों को आकर्षित करने और उनका प्रचलन बढ़ाने के लिए यह आयोजन किया गया। उन्होंने कहा कि समय-समय पर इस तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। प्रदर्शनी में स्थानीय फोटोग्राफर मुन्ना रावत, बीरू बुग्याल, लक्ष्मण सिंह, मनोज कुमार, नरेंद्र कुमार, बृजेश सिंह आदि शामिल ने भी हिस्सा लिया और चित्रों को अपने कैमरों में कैद किया।