पिथौरागढ़। तीन सूत्री मांगों को लेकर पटवारी कलमबंद हड़ताल पर चले गए हैं। इससे राजस्व, भू अभिलेख, प्रमाण पत्रों के निर्गत करने का काम ठप हो गया है। पटवारियों की हड़ताल से प्रशासन के साथ ही आम जन की मुश्किल बढ़ गई है। वहीं, राजस्व कर्मचारियों ने चंपावत तहसील परिसर में प्रदर्शन किया। उन्होंने मांगें नहीं माने जाने तक आंदोलन जारी रखने ऐलान किया है।
शनिवार को पिथौरागढ़ कलक्ट्रेट में एकजुट हुए पटवारियों ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। कहा कि संघ लंबे समय से राजस्व उपनिरीक्षक प्रशिक्षण, प्रशिक्षु उपनिरीक्षकों के परीक्षा परिणाम और नियुक्ति, नायब तहसीलदार के पदों पर डीपीसी को लेकर आवाज उठा रहा है, लेकिन शासन ने इस संबंध में कोई फैसला नहीं किया है। इस दौरान प्रकाश कापड़ी, गोपाल जोशी, नवीन पांडे, यशवंत थापा, शंकर कापड़ी, धनीलाल, जितेंद्र बोनाल, गोपाल डीनियां, भरत मेहता आदि थे।
आम जनता की दिक्कतें
पिथौरागढ़। पटवारी और कानूनगो की अनिश्चितकालीन हड़ताल के चलते आम जनता को दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। वर्तमान में इन राजस्व कर्मचारियों के पास आय, स्थायी, जाति, हैसियत, उत्तरजीवी समेत तमाम प्रमाण पत्रों के अलावा भूमि तस्दीक, रजिस्ट्री और बायनामा बनाने की जिम्मेदारी है। पटवारियों की हड़ताल पर जाने से राजस्व, भू अभिलेख और विभिन्न प्रमाण पत्र निर्गत करने का काम ठप हो गया है। साथ ही विभिन्न राजस्व जांचें भी अटक गई हैं। वहीं, कलक्ट्रेट, एसडीएम कोर्ट, तहसीलों में राजस्व, भू अभिलेख संबंधी काम नहीं हो पाएगा।