पिथौरागढ़। पुलिस ने टैक्सी चालकों की कुंडली खंगालने की योजना बनाई है। इसके तहत चालकों की व्यक्तिगत जानकारियों के साथ ही काम से जुड़ी परिस्थितियों की तहकीकात होगी। सड़क हादसों पर लगाम कसने की मंशा में पुलिस यह कवायद कर रही है। हासिल जानकारियों के आधार पर भविष्य मेें सड़क सुरक्षा की कार्ययोजना तैयार होगी।
स्वांला हादसे से सबक लेते हुए पिथौरागढ़ पुलिस ने चालकों की कुंडली खंगालने की योजना बनाई है। इसके तहत पिथौरागढ़ जिले के टैक्सी चालकों के नाम, पते से लेकर उम्र, शारीरिक स्वास्थ्य की स्थिति, रोजाना वाहन चलाने के घंटों का ब्योरा, वाहन रूट पर सड़क की ढांचागत समस्याओं समेत चालन से जुड़ी कई परिस्थितियों की जानकारी जुटाई जाएगी।
यह भी देखा जाएगा कि चालक कभी किसी वाहन दुर्घटना में शामिल रहा है या नहीं। क्या यातायात नियमों के उल्लंघन में पकड़ा जा चुका है। वाहन चालक के खिलाफ एमवी एक्ट में कितनी बार कार्रवाई हुई है। एसपी ने जिले के सभी कोतवाली और थाना प्रभारियों को इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं।
अनफिट चालकों के डीएल निरस्त होंगे
सर्वे के दौरान उम्र, शारीरिक, मानसिक स्वास्थ्य की कसौटी पर अनफिट पाए जाने और एमवी एक्ट के तहत हुए चालानों की समीक्षा के बाद चालकों के डीएल निरस्त कर दिए जाएंगे। दरअसल पुलिस का मानना है कि दुर्घटनाओं की बड़ी वजह चालक की खराब फिटनेस और यातायात नियमों की अनदेखी करना है। इस ओर ध्यान दिया जाए तो दुर्घटनाओं से बचा जा सकता है।
तीन साल के हादसों की होगी पड़ताल
पुलिस जिले में पिछले तीन सालों के भीतर हुई सड़क दुर्घटनाओं की पड़ताल भी करेगी। इसके तहत दुर्घटनाओं के कारकों को चिन्हित किया जाएगा। देखा जाएगा कि हादसे के पीछे क्या-क्या बड़ी वजह रहीं और दुर्घटना के लिए कौन-कौन से कारण जिम्मेदार रहे।
टैक्सी चालकों और वाहन चालन से जुड़ी परिस्थितियों का सर्वे कराया जा रहा है। इस संबंध में थाना स्तर पर अपेक्षित जानकारियां जुटाई जा रही है। तथ्यों की जांच-पड़ताल के आधार पर ही सड़क सुरक्षा की भावी कार्ययोजना तैयार की जाएगी। -अजय जोशी, एसपी, पिथौरागढ़