मनरेगा के जिन जॉब कार्डधारकों ने डाकघर में खाते खोले हैं, उनमें मनरेगा की धनराशि का भुगतान नहीं हो पा रहा है। 18 महीने से इन खातों में किसी भी जॉब कार्डधारक की धनराशि नहीं आई है। इससे मनरेगा मजदूरों के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
ढुंगेती के प्रधान गोविंद बोरा के नेतृत्व में दो दर्जन से अधिक ग्राम प्रधानों ने डीडीहाट पोस्टआफिस पहुंचकर पोस्टमास्टर से वार्ता की। प्रधान ने बताया कि डेढ़ साल से अधिक समय से मनरेगा का काम कर रहे मजदूरों को पोस्टआफिस के माध्यम से कोई भुगतान नहीं किया गया है। मनरेगा में काम करने वाले ऐसे सैकड़ों ग्रामीण मजदूर हैं, जिनका मनरेगा खाता पोस्टआफिस में है। विकासखंड के माध्यम से सभी जॉब कार्डधारकों की सूची केंद्र और राज्य सरकार को दी गई है और अब तक 25 लाख रुपये के भुगतान की स्वीकृति मिल भी गई है, लेकिन अब तक डाकघर के खाताधारकों को यह धनराशि नहीं मिल पाई है।
प्रधानों ने कहा कि यदि धनराशि का तत्काल भुगतान नहीं किया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। पोस्टमास्टर बीके आर्या ने ग्राम प्रधानों को बताया कि तकनीकी समस्या के चलते यह भुगतान नहीं हो पा रहा है। इस समस्या को दूर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। जल्द ही समाधान निकल आएगा।