इंजीनियर की पत्नी ने फंदा लगाकर जान दी
पिथौरागढ़। लघु जल विद्युत निगम धारचूला में कार्यरत अधिशासी अभियंता गोपाल बोरा की पत्नी ने पिथौरागढ़ जीआईसी मार्ग पर स्थित किराए के मकान में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। मूल रूप से तल्ली हल्द्वानी टीपीनगर निवासी गोपाल बोरा कुछ समय से परिवार सहित यहां रह रहे हैं। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद लाश परिजनों को सौंप दी है।
पुलिस क्षेत्राधिकारी शेखर सुयाल ने बताया कि इंजीनियर गोपाल बोरा की पत्नी मनीषा बोरा सोमवार को अपनी पांच वर्षीय बेटी पीयूषा के साथ कमरे में थी। सुबह करीब 11 बजे मनीषा ने अपनी बेटी को पड़ोस वालों के घर पर यह कहकर छोड़ दिया कि वह कुछ देर के लिए अपनी दोस्त से मिलने जा रही है, तब तक बेटी को अपने साथ रख देना। गोपाल बोरा धारचूला गए थे। जब शाम तक मनीषा का कहीं पता नहीं चला तो पड़ोसियों ने उनके जान पहचान वालों को जानकारी दी।
साथ ही इंजीनियर गोपाल बोरा को भी यह बता दिया गया कि उनकी पत्नी सुबह से गायब है। रात करीब नौ बजे गोपाल बोरा धारचूला से पिथौरागढ़ पहुंचे और कोतवाल एनबी भट्ट की मौजूदगी में दरवाजे का ताला तोड़ा गया। एक कमरे में मनीषा की लाश फंदे से लटकी मिली। उन्होंने बताया कि मनीषा ने घटना को अंजाम देने से पहले दो दरवाजों में ताले लगा दिए थे और पिछले दरवाजे से वह कमरे में गई थी। पुलिस को सुसाइड नोट भी मिला है, इसमें मनीषा ने लिखा है कि मौत के लिए वह खुद जिम्मेदार है। गोपाल और मनीषा का विवाह छह साल पहले हुआ था।
पुलिस ने रात ही में मृतका के मायकेवालों को हल्द्वानी सूचना दी और उनके आने तक लाश को जमीन पर नहीं उतारा। मंगलवार सुबह मायकेवालों के आने के बाद लाश को उतारा गया और पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। पुलिस का कहना है कि इस मामले में किसी भी पक्ष ने कोई रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में मामला पारिवारिक तनाव का प्रतीत होता है।