पिथौरागढ़। रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद के शिष्टमंडल की एक वार्ता सहायक प्रबंधक से हुई। इसमें परिचालकों को पूर्व की तरह डबल ड्यूटी रेस्ट दिए जाने के संबंध में सहमति नहीं बन सकी। इसके चलते वार्ता विफल रही। परिषद के पदाधिकारियों का कहना है कि यदि उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो आंदोलन किया जाएगा।
चालक परिचालकों को मार्ग आवंटित करने, कर्मचारियों के वेतन का समय से भुगतान करने, पिथौरागढ़ डिपो को नई बसें देने, कार्यशाला में रिक्त पदों पर कर्मचारियों की नियुक्ति करने, परिचालकों को पूर्व की तरह डबल ड्यूटी रेस्ट दिए जाने संबंधी बिंदुओं पर चर्चा की गई। वार्ता में कहा गया कि पिथौरागढ़ के धरमघर से दिल्ली, देहरादून सहित कई ऐसे रूट हैं जहां पर चालक और परिचालक को लगातार 22 घंटे डयूटी करनी होती है।
पूर्व में इसके स्थान पर ढाई दिन आराम की व्यवस्था थी लेकिन उसे घटाकर केवल डेढ़ दिन कर दिया गया है, जो श्रम कानूनों का उल्लंघन है। शीघ्र ही संगठन की मांगों पर विचार नहीं किया गया तो इसके लिए उग्र आंदोलन किया जाएगा। इसके लिए विभागीय अधिकारी जिम्मेदार रहेंगे। बैठक में मोहन सिंह भंडारी, नवीन आगरी, संजय महर, पवन कुमार आदि उपस्थित रहे।