पिथौरागढ़। तीन पंपिंग योजनाओं के बावजूद पिथौरागढ़ शहर में जल संकट बने रहने पर जन मंच ने सवाल उठाए हैं। जन मंच ने कहा है कि पानी नहीं मिलने के कारण आज भी नगर की अधिकांश आबादी जल स्रोतों से पेयजल जुटाने मजबूर हो रही है।
जिलाधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदांडे को सौंपे ज्ञापन में जनमंच के संयोजक भगवान रावत ने कहा है कि घाट, ठूलीगाड़ और आंवलाघाट पेयजल योजनाओं के बावजूद नगर में जल संकट लगातार गहरा रहा है। आज तक नगर की जनता गर्मियों में पेयजल के लिए तरसती थी, जबकि तीसरी योजना आंवलाघाट के शुरू होने के बावजूद शीतकाल में भी जल संकट बना हुआ है।
उन्होंने कहा कि लोगों को कुछ इलाकों में दूसरे-तीसरे पानी मिल रहा है। उन्होंने प्रस्तावित टैंकों का निर्माण करने, पुरानी पेयजल लाइनों को बदलने, नई कॉलोनियों में पाइप लाइन बिछाने की मांग की है।
इसके अलावा जन मंच ने जिला चिकित्सालय में आईसीयू का संचालन करने, ट्रॉमा सेंटर खोलने, नर्सिंग कालेज शुरू करने, सीवर लाइन का निर्माण और आंतरिक सड़कों का निर्माण कार्य शुरू कराने, महाविद्यालय में नए शौचालयों का निर्माण करने की मांग की है। ज्ञापन सौंपने वालों में जनमंच के संयोजक सुबोध बिष्ट छात्र संघ अध्यक्ष राकेश जोशी, कोषाध्यक्ष मदन मोहन जोशी शामिल थे। जन मंच के संयोजक आंवलाघाट योजना की जांच के लिए गठित टीम में जनप्रतिनिधियों को भी शामिल करने की मांग की है।