पिथौरागढ़। कुमाऊं आयुक्त ने कहा कि स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार और आजीविका की कार्ययोजनाओं के जरिये पलायन की रोकथाम की जा सकती है। जिले में कृषि, औद्यानिकी और पशुपालन के क्षेत्र में संभावनाओं की भरमार है। इन क्षेत्रों में आजीविका की कार्ययोजना बनाकर पलायन की समस्या से निपटा जा सकता है। उन्होंने अधिकारियों को इन संभावनाओं पर काम करने के निर्देश दिए।
बुधवार को आयुक्त ने जिला सभागार में दरबार लगाकर जनता की समस्याएं सुनी। पूर्व विधायक गोपाल दत्त ओझा ने जिले से पलायन की समस्या उठाई। साथ ही पलायन रोकने के लिए गांवस्तर पर स्वरोजगार की कार्ययोजनाएं बनाने पर जोर दिया। आयुक्त ने भी माना कि स्थानीय स्तर पर आजीविका उपलब्ध करा पलायन को रोका जा सकता है। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को इस दिशा में काम करने को कहा।
दरबार में धारचूला विधायक हरीश धामी ने क्षेत्र में बाढ़ सुरक्षा का मामला उठाया। साथ ही मानसूनी सीजन में हेेली सेवा शुरू करने की मांग उठाई। उन्होंने क्षेत्र में बिजली लाइनों की मरम्मत में अनियमितता का मामला भी उठाया। आयुक्त ने इन मामलों की जांच कराने का भरोसा दिलाया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश पंत ने आंवलाघाट योजना शुरू होने के बाद भी पेयजल आपूर्ति सुचारु न होने पर सवाल उठाए।
गोविंद महर ने ई नीलामी में राजस्व घाटे की शिकायत की। रमेश बिष्ट ने थरकोट झील बनाने, दिनेश पाठक ने दूरस्थ क्षेत्रों के कृषि उत्पादों को बाजार तक पहुंचाने के लिए रोपवे बनाने की मांग की। आयुक्त ने अधिकारियों को सभी समस्याओं के निस्तारण और सुझावों पर अमल करने के निर्देश दिए। इस दौरान डीएम सी रविशंकर, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रकाश जोशी, एसपी रामचंद्र राजगुरु, सीडीओ वंदना सिंह आदि थे।
सीईओ का वेतन काटने के निर्देश
आयुक्त ने विकास भवन में जिले भर के अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर डाटा डायरी बनाने के निर्देश दिए हैं। अधिकारी इस डायरी में विभाग द्वारा संचालित योजनाओं, क्रियाकलापों, उपलब्धियों को दर्ज करेंगे। आयुक्त ने विकास भवन में आयोजित बैठक में अधिकारियों को यह निर्देश जारी किए। इस बैठक से गैरहाजिरी पर मुख्य शिक्षाधिकारी पर कार्रवाई भी हुई। आयुक्त ने मुख्य शिक्षाधिकारी का एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए हैं।