एचएनबी गढ़वाल (केंद्रीय) विश्वविद्यालय शोध छात्रों को देश के नामी-गिरामी संस्थानों में प्रयोगशाला विश्लेषण की सुविधा उपलब्ध कराएगा। विवि के इस कदम से शोध छात्रों को बाहरी संस्थानों में विश्लेषण के लिए मोटी फीस नहीं चुकानी पड़ेगी। विवि ने बाहरी संस्थानों के साथ समन्वय के लिए भूविज्ञान विभागाध्यक्ष प्रो. डीएस बागड़ी को जिम्मेदारी सौंपी है।
विवि के विभिन्न विभागों में प्रयोगशालाएं हैं लेकिन कई बार शोध छात्रों को प्रयोगशाला विश्लेषण के लिए अन्य संस्थानों की प्रयोगशालाओं में जाना पड़ता है। इसके लिए उन्हें काफी फीस चुकानी पड़ती है। साथ ही व्यवहारिक दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इस परेशानी को देखते हुए विवि ने शोध छात्रों को देश की प्रतिष्ठित संस्थानों में विश्लेषण के लिए प्रयोगशाला उपलब्ध करवाने का निर्णय लिया है। विवि के इस फैसले पर कार्य परिषद की मुहर लग गई है। इसके बाद विवि के कुलसचिव डा. अजय खंडूड़ी ने आदेश जारी कर दिए।
भूविज्ञान विभागाध्यक्ष प्रो. बागड़ी ने बताया कि भौतिकी अनुसंधान प्रयोगशाला अहमदाबाद, नेशनल इंस्टी्टयूट ऑफ हाइड्रोलॉजी रुड़की, वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालय जियोलॉजी देहरादून, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ रिमोट सेंसिंग देहरादून, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी रुड़की और अन्य संस्थान जो शोध छात्रों को प्रयोगशाला विश्लेषण की सुविधा प्रदान कर सकते हैं, वहां छात्रों को सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए संबंधित संस्थान के शिक्षक को शोध पर्यवेक्षक के रूप में भी शामिल किया जाएगा। छात्रों के लिए मामूली फीस देनी होगी।