कोतवाली पुलिस ने गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। दूसरे पक्ष ने पुलिस पर एक तरफा कार्रवाई करने का आरोप लगाते हुए एसएसपी से शिकायत की है। एसएसपी ने कोतवाली निरीक्षक को मामले की जांच के निर्देश दिए हैं। वहीं विहिप ने पूरे प्रकरण की जांच की मांग की है।
मुख्यालय पौड़ी में बीते बृहस्पतिवार को पौड़ी निवासी विकास चौहान ने शहर के ही दो युवाओं प्रतीक बिष्ट व साहिब खान के खिलाफ कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस को दी शिकायत में विकास ने बताया कि दोनों युवाओं ने फोन पर गाली-गलौज करने के साथ ही जान से मारने की धमकी दी है। उन्होंने बताया कि कुछ दिन पहले उन्होेंने शहर में भीख मांग रहे एक समुदाय के दिव्यांग युवक का वीडियो बनाया था। इससे उक्त दोनों युुवक नाराज थे। विकास की शिकायत पर पुलिस ने प्रतीक व साहिब खान के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। शुक्रवार को पुलिस ने आरोपी दोनों युवाओं को गिरफ्तार कर लिया। मामले में युवा कांग्रेस गिरफ्तार युवाओं के पक्ष में खड़ी हो गई। युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एसएसपी पी. रेणुका से वार्ता कर पुलिस पर मामले में एकतरफा कार्रवाई का आरोप लगाया है।
युवा कांग्रेस के जिला सचिव ऋषभ पंवार का कहना है कि पुलिस ने दूसरे पक्ष को सुने बिना ही कार्रवाई की है। वहीं एसएसपी पी. रेणुका देवी का कहना है कि कोतवाली निरीक्षक को मामले की जांच के निर्देश दे दिए गए हैं। विहिप के जिला महामंत्री मातंग मलासी का कहना है कि पहले भी पुलिस प्रशासन को अवगत कराया गया है कि बार-बार किसी धर्म विशेष के दिव्यांग लोग ही पहाड़ी क्षेत्रों में भिक्षावृत्ति के लिए इतनी पड़ी संख्या में क्याें आते हैं। कोरोना के बीच भी इन दिव्यांगों का आना-जाना लगातार बना हुआ है। इसकी जांच होनी चाहिए। कोतवाली पौड़ी के एसएसआई महेश रावत ने बताया कि आरोपी दोनों युवकों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा रहा है।