मलेथा में स्टोन क्रशर के विरोध में महिलाओं ने क्रशर में हल्ला बोला। इसके बाद आंदोलनकारी महिलाओं ने वीर भड़ माधो सिंह भंडारी के स्मृति स्थल में जाकर उनको नमन किया। वहीं, ग्रामीणों के आंदोलन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हुए थे। देवप्रयाग और मुनिकीरेती थानों से अतिरिक्त पुलिस बल मंगवाया गया।
मलेथा में स्वीकृत चार स्टोन क्रशरों के विरोध में लोग 22 दिसंबर से आंदोलित हैं। शनिवार को तहसील घेराव के बाद रविवार को आंदोलनकारियों ने क्रशर के विरोध मेें हल्ला बोल आंदोलन चलाया। आंदोलन के तहत महिलाएं धरनास्थल (मलेथा तिराहे) से मार्च करते हुए क्रशर के गेट पर पहुंची। यहां पर महिलाओं ने क्रशरों के खिलाफ नारेबाजी की। आक्रोशित महिलाओं ने सरकार और शासन पर पर्यावरण को नष्ट करने का आरोप लगाया। बाद में वे छेनाधार स्थित माधो सिंह भंडारी स्मृति स्थल पहुंची। यहां उन्होंने भंडारी की पूजा करते हुए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया। स्मृति स्थल से लौटकर महिलाएं धरना स्थल पर बैठ गईं। हल्ला बोल में प्रगतिशील मंच के अध्यक्ष विमला देवी, रामप्यारी देवी, एबीवीपी के प्रदेश सहसंयोजक सुधीर जोशी, देव सिंह, भूपति सिंह और ग्राम प्रधान शूरवीर बिष्ट आदि शामिल थे।