श्रीनगर। केंद्रीयकृत प्रशिक्षण केंद्र सशस्त्र सीमा बल श्रीनगर एवं मुख्य पशुचिकित्सा अधिकारी व जिला मत्स्य प्रभारी पौड़ी गढ़वाल के बीच एमओयू हुआ है। इस एमओयू से पशु चिकित्सा विभाग सहित पशुपालन से जुड़े लोगों व मत्स्य विभाग तथा मछली उत्पादन से जुड़े लोगों को लाभ मिलेगा।
एसएसबी के उप महानिरीक्षक सुभाष चंद नेगी ने बताया कि केंद्रीयकृत प्रशिक्षण केंद्र, सशस्त्र सीमा बल, श्रीनगर में वायब्रेंट योजना के अंतर्गत एक महत्वपूर्ण सहमति ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। यह एमओयू केंद्रीयकृत प्रशिक्षण केंद्र श्रीनगर एवं मुख्य पशु चिकित्साअधिकारी व जिला मत्स्य प्रभारी, पौड़ी गढ़वाल के बीच हुआ।
एमओयू का उद्देश्य राज्य में स्थित सशस्त्र सीमा बल के केंद्रीयकृत प्रशिक्षण केंद्र, श्रीनगर के लिए स्थानीय स्तर पर उत्पादित भेड़/बकरी, पोल्ट्री एवं मछली जैसे उत्पादों की नियमित एवं गुणवत्तापूर्ण आपूर्ति सुनिश्चित करना है। इस पहल के माध्यम से न केवल स्थानीय पशुपालकों, मत्स्य पालकों एवं कृषक उत्पादकों को प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त होगा, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को सशक्त करने, आत्मनिर्भर भारत अभियान तथा वायब्रेंट योजना की मूल भावना को भी मजबूती मिलेगी।