श्रीनगर। मंगलवार को श्रीनगर में महर्षि वाल्मीकि जयंती धूमधाम और भक्तिभाव से मनाई गई। महर्षि वाल्मीकि मंदिर सेवा समिति और नगर के वाल्मीकि समाज की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या श्रद्धालु शामिल हुए। सुबह से मंदिर परिसर में पूजा-अर्चना और हवन हुआ। इसके बाद सम्मान समारोह आयोजित किया गया, जिसमें समाज के वरिष्ठ सदस्य और कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया गया।
दोपहर में भंडारे का आयोजन हुआ। शाम को मंदिर से शोभायात्रा निकाली गई, जो नगर के मुख्य मार्गों से होकर मंदिर परिसर में समाप्त हुई। शोभायात्रा में लव-कुश, सीता, हनुमान और महर्षि वाल्मीकि जी की झांकियों ने भक्तों का मन मोह लिया। वाल्मीकि समाज के युवा पारंपरिक अखाड़ा खेलों में हजारा, तलवार, मुदगर और गतका जैसे करतब दिखाते हुए सभी का ध्यान आकर्षित करते रहे। महर्षि वाल्मीकि सेवा समिति के अध्यक्ष दाताराम वीर पंवार ने कहा, महर्षि वाल्मीकि जी की शिक्षाएं आज भी हमें सत्य, सेवा और सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती हैं। इस अवसर पर समिति पदाधिकारी अनोश कुमार, राजन कुमार, रोहित सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे