मेडिकल कालेज में तैनात दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी की बेटी मानसी ने सीमित संसाधनों व बिना कोचिंग के नीट परीक्षा में सफलता प्राप्त की है। मानसी को राजकीय मेडिकल कालेज में एमबीबीएस प्रवेश मिला है।
भक्तियाना निवासी भजन लाल बत्रा की सबसे छोटी बेटी मानसी बत्रा ने राजकीय मेडिकल कालेज श्रीनगर में एमबीबीएस में प्रवेश लिया है। पूर्व में केंद्रीय विद्यालय की छात्रा रही मानसी ने हाईस्कूल में 10 सीजीपीए व इंटर मीडिएट में 92.6 फीसदी अंक प्राप्त किए थे। मानसी के पिता भजन लाल बत्रा पिछले 10 वर्षों से मेडिकल कालेज में दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी के तौर पर तैनात हैं। मेडिकल कालेज में कई महीनों तक वेतन नहीं मिल पाता है इसलिए भजन लाल परिवार चलाने के लिए सुबह समाचार पत्र बेचने का काम भी करते हैं। भजनलाल कहते हैं कि आर्थिक कमजोरी को न तो मैने और न ही मेरे बच्चों ने पढ़ाई में रोड़ा बनने दिया है। भजन लाल का कहना है कि जिस अस्पताल में उसने दैनिक वेतनभोगी की नौकरी की वहीं अब उसकी बेटी डाक्टरी की पढ़ाई करेगी। जो उसकी लिए गर्व की बात है। भजन लाल का एक बेटा एमएसी व एक बेटी बीएससी भी कर रही है। मानसी का कहना है कि किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कोचिंग नहीं बल्कि दृढ इच्छा शक्ति मायने रखती है।