एक दशक बीतेने के बाद भी सिरतोली- पराल मार्ग की नहीं सुधरी स्थिति
पाबौ। सिरतोली -पराल मोटर मार्ग की हालत दयनीय बनी है। करीब एक दशक बीतने के बाद भी मोटर मार्ग पर डामरीकरण नहीं होने से लोगों को हिचकोले खाकर यात्रा करनी पड़ रही है। ग्रामीणों ने मोटर मार्ग के शीघ्र डामरीकरण की मांग उठाई है। डामरीकरण नहीं होने पर ग्रामीणों ने आंदोलन की चेतावनी दी है।
पूर्व सांसद आदर्श ग्राम सभा सिरतोली को आज भी पक्की सड़क होने का इंतजार है। ग्रामीणों को मुताबिक करीब एक दशक पहले मार्ग के कटिंग का कार्य शुरू हुआ था। तब से लेकर आज तक ग्रामीणों को मार्ग को डामरीकरण होने का इंतजार है। कच्चे मार्ग पर स्थिति अब ऐसी हो गई है कि वाहनों को हिचकोले खाकर आवाजाही करनी पड़ रही है।
राज्य आंदोलनकारी देवानंद नौटियाल ने बताया कि मार्ग पर यात्रा करना जोखिम भरा बना है। मार्ग पर चलने से कई बार वाहनों के पट्टे ही टूट रहे हैं। ऐसे में मोटर मार्ग से लगे दौला, पराल, सिरतोली, डोगरा के लोगों को पैदल दूरी ही नापनी पड़ रही है। मार्ग थलीसैंण ब्लॉक के पर्यटक स्थल तारा कुंड तक जोड़ा जा सकता है।
पूर्व जिला पंचायत सदस्य बड़ेथ प्रियंका थपलियाल ने बताया कि मार्ग डामरीकरण को लेकर शासन-प्रशासन से गुहार लगाई गई, लेकिन मार्ग का सुदृढ़ीकरण नहीं हो पाया। उन्होंने सरकार से मामले को गंभीरता से लेनी की मांग उठाई है। वहीं लोनिवि पाबौ के अधिशासी अभियंता केएस नेगी ने बताया कि मार्ग के डामरीकरण का प्रस्ताव शासन को भेजा है। प्रस्ताव स्वीकृत होते ही कार्य शुरू किया जाएगा।