श्रीनगर। कंपनी प्रशासन से वार्ता में सहमति बनने पर मढ़ी चौरास क्षेत्र के ग्रामीणों ने एक सप्ताह के लिए आंदोलन स्थगित कर दिया है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन फिर शुरू किया जाएगा। मढ़ी चौरास के ग्रामीण क्षेत्र की विभिन्न मांगों के लिए एक सप्ताह से आंदोलित थे।
मढ़ी चौरास क्षेत्र के ग्रामीण क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं के निस्तारण के लिए एक सप्ताह से आंदोलित थे। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्रामीण लंबे समय से चारा पत्ती भुगतान, क्षेत्र में सड़कों के मरम्मतीकरण, ग्राम पंचायत के सार्वजनिक स्थानों पर सोलर लाइट की व्यवस्था किए जाने आदि मांगें कर रहे हैं, लेकिन जीवीके कंपनी ग्रामीणों की मांग पर कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। बृहस्पतिवार को आंदोलन स्थल पर कंपनी प्रशासन तथा ग्रामीणों के बीच चारा पत्ती संपर्क मार्ग निर्माण, शेष मुआवजे का भुगतान और ग्राम पंचायत के सार्वजनिक स्थानों पर सोलर लाइट लगाए जाने पर सहमति बनी है। मढ़ी चौरास के ग्राम प्रधान जयकृष्ण भट्ट ने कहा कि यदि इन सभी मांगों पर जल्द कार्रवाई शुरू नहीं हुई तो एक सप्ताह के बाद फिर आंदोलन शुरू किया जाएगा। बृहस्पतिवार को धरना देने वालों में शैलेश मलासी, मनोज कपरवाण, सुनीता बर्थवाल, प्रमिला बिष्ट, नवल किशोर, बीना देवी बिष्ट, सुषमा बुटोला, शकुंतला चमोली, कमला भट्ट, मनोरमा बंगवाल आदि शामिल थे।