श्रीनगर। शहरवासियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाने वाले खुद परिवार सहित खतरे के साये में जी रहे है। कोतवाली परिसर में स्थित आवासीय भवन जर्जर स्थिति में हैं। कई भवन तो गिरने की कगार पर हैं। बावजूद इसके कोतवाली में तैनात पुलिसकर्मी परिवार सहित इन जर्जर भवनों में रहने को मजबूर हैं। अधिकारियों का कहना है कि भवनों की मरम्मत के लिए शीघ्र की मुख्यालय प्रस्ताव भेजा जाएगा।
कोतवाली परिसर में स्थित आवासीय करीब आधा दर्जन आवासीय भवनों में 27 पुलिस कर्मियों के परिवार निवास करते हैं। पुलिस कर्मियों का कहना है कि निर्माण के बाद से अब तक भवनों की मरम्मत नहीं की गई है। रखरखाव के अभाव में भवन जीर्णशीर्ण हो चुके हैं। दो भवन तो गिरने की कगार पर हैं। इन दोनों भवनाें में आठ परिवार निवास करते हैं। पुलिस कर्मियों का कहना है कि जब वह ड्यूटी के तहत बाहर जाते हैं तो उन्हें परिवार की सुरक्षा की चिंता सताती रहती है। पुलिसकर्मियों के परिजनों का कहना है कि भवनों की स्थिति को देखते हुए हर समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। पुलिस अधीक्षक अजय जोशी ने कहा कि कोतवाली परिसर में स्थित आवासीय भवनों की मरम्मत के लिए जल्द ही प्रस्ताव मुख्यालय को भेज दिया जाएगा।