पौड़ी। जिला मुख्यालय पौड़ी में जिलाधिकारी ने जंगलों में फैली वनाग्नि को लेकर विभागीय अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने कहा कि वनाग्नि पर काबू पाने के लिए समस्त विभागों को समन्वय के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने जंगलों को आग के हवाले करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए।
शनिवार को मुख्यालय पौड़ी में जिलाधिकारी पौड़ी में धीराज सिंह गर्ब्याल ने जल संस्थान, लोनिवि को आपसी सांमजस्य बनाते हुए बढ़ती गर्मी में पेयजल व्यवस्था सुचारु बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने डीएफओ को आग के लिए अति संवदेनशील स्थलों का चयन कर सूची उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कहा कि अति संवेदनशील स्थानों पर अधिक चौकसी बरती जाए, जिससे आग लगने की सूचना पर तत्काल कार्रवाई की जा सके। डीएम ने जल संस्थान को पेयजल की समस्या वाले स्थानों पर पानी के टैंकर से पेयजल आपूर्ति करने, लोनिवि को यात्रा रूटों पर विशेष रूप से सफाई व्यवस्था, यात्रा मार्गों की निगरानी के निर्देश दिए। उन्होंने एफएसओ, थानों, वन चौकियों को मुस्तैद रहने को कहा। डीएम गर्ब्याल ने आपदा प्रबन्धन में उपकरणों की खरीद को जारी धनराशि की जानकारी भी ली। जिस पर प्रभारी आपदा अधिकारी व एडीएम को इस मद से अति संवेदनशील वन पंचायतों के लिए 2-2 लाख की धनराशि निर्गत करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर एडीएम डा. एसके बरनवाल, एसडीएम सदर योगेश मेहरा, कोटद्वार मनीष सिंह, श्रीनगर दीपेन्द्र नेगी, यमकेश्वर श्याम सिंह राणा, डीएफओ लक्ष्मण सिह रावत, डीएफओ सिविल सोयम संतराम आदि मौजूद थे।