देवप्रयाग। इस बार बदरीनाथ धाम में अधिक बर्फबारी होने से परिसंपत्तियों को काफी नुकसान पहुंचा है। तीर्थपुरोहित समाज ने नुकसान की भरपाई के लिए सरकार से मुआवजे की मांग की है।
तीर्थपुरोहित समाज के लोगों ने कुछ दिन पूर्व बदरीनाथ धाम पहुंचकर बर्फबारी से हुए नुकसान का जायजा लिया। धाम से लौटने के बाद पुरोहितों ने बताया कि टीन शेड से बनी अधिकांश दुकानें भारी बर्फबारी के चलते पूरी तरह ध्वस्त हैं। जबकि मंदिर के निकट कुबेर गली में तीर्थपुरोहितों के आवास भी टूटे हुए हैं। तीर्थपुरोहित अरविंद ने बताया कि नारायण पर्वत स्थित बाजार में बर्फ के ऊँचे ढेर लगे हैं। जबकि नर पर्वत स्थित टैक्सी स्टैंड व देवलोक पर्यटक आवास के सामने की सड़क पूरी तरह बर्फ से ढकी हैं। यहाँ गीता मंदिर सहित उसके आसपास भी बर्फबारी से अधिक नुकसान हुआ है। अब बदरीनाथ धाम में अधिकांश स्थानों पर बर्फ गल चुकी है। बस अड्डे से मंदिर व तप्त कुंड तक जानेवाले रास्तों में बर्फ मौजूद नहीं है। बदरीनाथ मंदिर परिसर से मजदूरों द्वारा बर्फ हटाने का काम जारी है। तापमान काफी कम होने से यहां तप्तकुंड का गर्मजल ही साधू संतों व श्रमिकों को राहत दे रहा है। फिलहाल मंदिर समिति की ओर से धाम में भोजन की व्यवस्था की गई है। तीर्थपुरोहित समाज ने सरकार से धाम में बर्फबारी से हुए नुकसान की भरपाई की मांग की है।