नैनीताल। डीजीपी अशोक कुमार ने कहा है कि राज्य में नशे के खिलाफ लड़ाई लंबी है। नशे के खात्मे के लिए अधिकारियों की जवाबदेही तय कर इसका खात्मा किया जाएगा। युवाओं को नशे के दलदल में घुसने से बचाने के लिए पुलिस हरसंभव कदम उठा रही है।
डीजीपी सोमवार को नैनीताल क्लब में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राज्य में महिला सुरक्षा को लेकर चलाई जा रही योजनाओं को एक सूत्र में पिरोकर 31 मार्च से पहले इस पर प्रभावी अमल सुनिश्चित कराया जाएगा। राज्य पुलिस में महिला कमांडो की शुरुआत एक नई पहल है। पुलिस थानों में आने वाली शिकायतें दर्ज करने का जिम्मा भी महिला हेल्प डेस्क को सौंपा गया है।
एक सवाल के जवाब में डीजीपी ने कहा कि हाल ही में पुलिस फोर्स में महिलाओं की भूमिका विषय पर देशभर में एक सर्वे हुआ है। इसमें उतराखंड नंबर एक पर रहा। कहा कि हमें पुलिस फोर्स की महिलाओं पर गर्व है। यही कारण है कि उन्हें थाने और चौकियों का प्रभारी बनाया गया है। डीजीपी ने कहा कि नेपाल बार्डर में मौजूद सभी सुरक्षा अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। बॉर्डर पर अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस भर्ती के संबंध में उन्होंने कहा कि एसआई के पदों पर जल्द और कांस्टेबल के लिए अप्रैल के बाद भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी।