भीमताल के निजी शिक्षण संस्थान में अध्ययनरत लखनऊ निवासी बीसीए द्वितीय वर्ष की छात्रा वाश्वी तोमर के शव का बृहस्पतिवार को वीडियोग्राफी के साथ पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम हाउस में छात्रा के पिता राम कृष्ण सिंह तोमर ने मौत पर सवाल उठाया है। कहा कि बेटी के साथ रैगिंग हुई थी। कॉलेज प्रशासन ने उन्हें बेटी के मौत की सूचना देर से दी। पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है।
बुधवार को वाश्वी (18) का शव हॉस्टल में फंदे से लटका मिला था। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। लखनऊ के थाना मड़ियांव अंतर्गत वेदनाथपुरम निवासी उसके पिता राम कृष्ण सिंह तोमर ने बताया कि काॅलेज के प्रथम वर्ष की छात्रा उनकी बेटी की रूम पार्टनर थी। वाश्वी ने उन्हें बताया था कि एक सीनियर ने कमरे में आकर उसकी रैगिंग की थी। बेटी ने विरोध भी किया और इसकी वीडियो भी बनाई थी। उसने रैगिंग का वीडियो उन्हें भी भेजा था।
मेरी बेटी आत्महत्या नहीं कर सकती
पुलिस के पहुंचने से पहले उनकी बेटी के शव को फंदे से क्यों उतारा गया?
यदि दो से तीन बजे के बीच घटना पता चली तो शाम सवा पांच बजे के बाद क्यों बताया गया?
संस्थान की वार्डन ने उनसे मुलाकात क्यों नहीं की?
बेटी से वीडियो की बात वार्डन को बताने के लिए भी कहा था। क्या वार्डन को वीडियो दिखाई गई?