रामपुर रोड स्थित राज पैलेस के पास करोड़ों रुपए की लावारिस श्रेणी 1 (ख) की भूमि प्रशासन ने मंगलवार को कब्जे में ले ली। भूमि करीब आधे बीघा है। प्रशासन ने भूमि पर कब्जा लेकर देखरेख के लिए ग्रामप्रधान को सुपुर्दगी कर दी।
रामपुर रोड पर सड़क से सटी जमीन है, इसमें चहारदीवारी बनी है। एक गुमनाम व्यक्ति की शिकायत पर डीएम दीपक रावत ने उक्त भूमि की जांच एसडीएम पंकज उपाध्याय को सौंपी थी। गुमनाम व्यक्ति का आरोप था कि उक्त भूमि सरकारी है। कुछ भूमाफिया ने जमीन की चहारदीवारी कर दी है और उसका सौदा कर रहे हैं। एसडीएम ने इसकी जांच की तो पता चला कि भूमि श्रेणी 1(ख) की है। भूमि का पट्टा जसीराम नाम के व्यक्ति को आवंटित है। जांच-पड़ताल में पता चला कि जसीराम की मौत हो चुकी है। उसका वारिस नहीं होने से जमीन खाली पड़ी है।
एसडीएम के आदेश पर तहसीलदार मोहन सिंह बिष्ट ने मंगलवार को टीम के साथ पहुंचकर जमीन कब्जे में ले ली। तहसीलदार के मुताबिक भूमि की चहारदीवारी और गेट लगा है। प्रशासन ने गेट सील कर भूमि देखरेख के लिए ग्राम प्रधान के सुपुर्द कर दी है। एसडीएम के मुताबिक भूमि पट्टे पर आवंटित है। जसीराम का यदि कोई वारिस है तो उसे सूचित करने के लिए नोटिस चस्पा कर दिया है। वारिस नहीं होने की स्थिति में उक्त भूमि को राज्य सरकार की भूमि में मर्ज कराने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
कुछ महीने पहले हो रहा था सौदा
भूमिधरी की भूमि पर किसी दबंग का कब्जा है। हल्द्वानी के कारोबारी से उक्त जमीन का कुछ महीने पहले सौदा भी हो रहा था, लेकिन बात नहीं बनने पर भूमि नहीं बिक सकी।
लावारिस पड़ी हैं कई जगह जमीनें
सरकार की जमीनें जहां-तहां लावारिस पड़ी हैं। अधिकतर जगहों पर लोगों का कब्जा है। प्रशासन को जमीनों की जानकारी तक नहीं है।