हल्द्वानी/कालाढूंगी। दसवीं की परीक्षा में फेल होने पर एक नाबालिग छात्रा ने कीटनाशक गटक कर खुदकुशी की कोशिश की। छात्रा को शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया हैै। डाक्टरों के अनुसार फिलहाल छात्रा की हालत खतरे से बाहर है।
कोटाबाग क्षेत्र के एक गांव निवासी एक किसान की बेटी का बुधवार को दसवीं का रिजल्ट आना था। दोपहर को किसान अपने जानवरों को चारा पानी दे रहे थे और उनकी नाबालिग बेटी घर पर ही रिजल्ट का इंतजार कर रही थी। रिजल्ट निकलने पर किशोरी को पता चला कि वह हाईस्कूल में फेल हो गई। इससे दुखी किशोरी ने घर में रखा कीटनाशक गटक लिया। किशोरी की तबियत बिगड़ने पर पिता उसे कोटाबाग स्थित सरकारी अस्पताल में लेकर पहुंचे, जहां से डाक्टरों ने हल्द्वानी के अस्पताल में रेफर कर दिया। फिलहाल किशोरी को रामपुर रोड स्थित नीलकंठ अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अस्पताल के प्रबंधक निदेशक और वरिष्ठ श्वास रोग विशेषज्ञ डॉ. गौरव सिंघल ने बताया फिलहाल किशोरी की हालत खतरे से बाहर है।
मां की मौत से सदमे में थी किशोरी
हाईस्कूल की परीक्षा में फेल होने पर आत्महत्या की कोशिश करने वाली किशोरी की मां का आठ माह पहले कैंसर के कारण देहांत हो गया था। इसके चलते किशोरी तनाव में थी और हाईस्कूल परीक्षा की तैयारी भी ठीक से नहीं कर पाई थी। किशोरी अपने पिता की अकेली संतान है। पिछले वर्ष भी किशोरी का परीक्षाफल खराब होने के कारण वह दसवीं में फेल हो गई थी।