हल्द्वानी। मौसम में हो रहे बदलाव के बीच सुशीला तिवारी अस्पताल में सर्पदंश के मामलों में वृद्धि हुई है। बीते 15 दिन में जनरल मेडिसिन विभाग में सर्पदंश से प्रभावित आठ मरीजों को भर्ती किया गया है।
जनरल मेडिसिन विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. परमजीत सिंह ने बताया कि हाल ही में हुई बारिश के कारण सांपों के बिलों में पानी भर गया है। तापमान बढ़ने से उमस भी बढ़ी है। ऐसे में सांप भोजन की तलाश में अपने प्राकृतिक आवासों से बाहर निकल रहे हैं। इससे ग्रामीण और रिहायशी इलाकों में उनके पहुंचने की संभावनाएं बढ़ गई हैं।
अस्पताल में सर्पदंश के इलाज के लिए पुख्ता इंतजाम हैं और एंटी स्नेक वेनम उपलब्ध है। उन्होंने लोगों को रात में चलते समय रोशनी का प्रयोग करें और घर के आसपास साफ-सफाई रखने सलाह दी। साथ ही सांप के काटने पर किसी भी प्रकार की देरी किए बिना मरीज को सीधे अस्पताल लेकर आए जिससे कि समय पर उपचार शुरू किया जा सके।
केस 01 : गौलापार निवासी एक 40 वर्षीय मजदूर को रात में सोते समय कैरेत (क्रेट) सांप ने काट लिया था। उसे आईसीयू में भर्ती किया गया है जहां उसकी हलात गंभीर बनी हुई है। मरीज को एंटी स्नेक वेनम दिया है।
केस 2 : 12 दिन पहले मुरादाबाद निवासी 32 वर्षीय एक युवक को शाम के समय आंगन में रसल वाइपर प्रजाति के सांप ने काट लिया था। परिजन उसे एसटीएच लेकर आए। डॉक्टरों ने उसकी डायलिसिस कर जान बचाई। अब उसे डिस्चार्ज कर दिया गया है।