हल्द्वानी। अल्मोड़ा के रहने वाले शोभित साह ने सात समंदर पार बड़ी उपलब्धि हासिल की है। सीआरपीएफ में तैनात शोभित ने अमेरिका में आयोजित 21वें वर्ल्ड पुलिस एंड फायर गेम्स में ताइक्वांडो में रजत पदक अपने नाम किया है। उनकी बहन को इसी साल खेल विभाग नैनीताल में आउट ऑफ टर्न नौकरी मिली है।
मल्ली हाट द्वारहाट निवासी शोभित (26) का जीवन संघर्ष से भरा रहा है। पिता प्रमोद लाल साह का वर्ष 2010 में निधन हो गया। तब वह सातवीं कक्षा में पढ़ते थे। पिता की मौत से उनके साथ ही मां, भाई और बहन पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। शोभित ने हिम्मत नहीं हारी और कुछ बनकर दिखाकर ठानी।
शोभित ने ताइक्वांडो में नेशनल स्तर तक प्रतिभाग किया। इसी का परिणाम रहा कि वर्ष 2019 में उन्हें खेल कोटे में सीआरपीएफ में नौकरी मिल गई। फोन पर हुई बातचीत में शोभित ने अपनी सफलता का श्रेय मां के साथ ही अपनी बड़ी बहन व हल्द्वानी स्टेडियम में ताइक्वांडो कोच शुभांगिनी साह को दिया है। उनके कोच विजय बहादुर है। शोभित अजमेर में तैनात हैं। उनके बड़े भाई भी चमोली में खेल के कोच हैं।