रामनगर (नैनीताल)। रामनगर से 26 अप्रैल को दो सौ लोगों के कोरोना सैंपल टेस्ट के हल्द्वानी के बेस अस्पताल में भेजे गए थे। 22 दिन बीत जाने के बाद भी इन दो सौ लोगों की रिपोर्ट नहीं आई। इनमें शामिल कई लोगों ने दोबारा सैंपल दिए तो उनकी रिपोर्ट आ गई। इस प्रकरण से हड़कंप मचा हुआ है। सवाल यह है कि आखिर रामनगर से भेजे गए सैंपल कहां गए। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. भागीरथी जोशी का कहना है कि मामले की जांच कराई जाएगी।
26 अप्रैल को स्थानीय लोगों सहित प्रवासियों ने सैंपल लोनिवि गेस्ट हाउस में बने कोविड कार्यालय में दिए और कोविड कार्यालय रामनगर से कर्मचारी द्वारा हल्द्वानी के बेस अस्पताल में रिसीव कराए गए थे। रामनगर में सैंपल की रिपोर्ट हल्द्वानी मेडिकल कालेज या मुक्तेश्वर स्थित लैब से आती है। दो सप्ताह तक कोरोना जांच का इंतजार किया जाता रहा, लेकिन रिपोर्ट नहीं है। ऐसे में जिन लोगों ने सैंपल दिए थे वह भी रोजाना अपनी रिपोर्ट लेने के लिए कोविड कार्यालय में पूछताछ के लिए आ रहे थे। कोविड कार्यालय से लगातार भेजी गई रिपोर्ट के बारे में जानकारी ली गई तो कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला रहा था। ऐसे में कोविड कार्यालय ने पूछताछ को आ रहे लोगों के दोबारा सैंपल लिए।
कोविड के नोडल अधिकारी डा. प्रशांत कौशिक ने बताया कि दो सौ के करीब सैंपल हल्द्वानी बेस अस्पताल में रिसीव कराए गए थे, लेकिन रिपोर्ट नहीं आई। ऐसे में विभागीय अधिकारियों को इस संबंध में जानकारी दे दी गई है। कुछ लोगों ने दोबारा आकर अपने सैंपल जांच के लिए दिए है। वहीं, डिस्ट्रिक सर्विलांस ऑफिसर डॉ. बलबीर के अनुसार जो भी सैंपल हैं, उनकी रिपोर्ट आई हैं।
कोविड सैंपल को लेकर लापरवाही क्यों
कोविड जैसी महामारी में लापरवाही का एक मामला सामने से हड़कंप मचा हुआ है। कोरोना जांच के लिए रामनगर से भेजे गए करीब दो सौ सैंपल गायब हो गए हैं। सैंपल लैब में पहुंचे भी या नहीं इस बारे में कोई बताने को तैयार नहीं है। ऐसे में जिनके सैंपल गायब हुए हैं, उनके संक्रमित होने की संभावना से संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। ऐसे में ऐसी लापरवाही किस स्तर पर हुई और किसकी ओर से की गई यह जांच का विषय है। फिलहाल स्वास्थ्य विभाग को यह करना होगा कि आगे से ऐसी लापरवाही ना हो।
कहां गए रामनगर से भेजे गए दो सौ सैंपल
रामनगर से दो सौ लोगों को कोरोना जांच के सैंपल बेस अस्पताल हल्द्वानी भेजे गए थे, लेकिन, उनकी जांच रिपोर्ट कई दिनों तक नहीं आई। यह सैंपल कहां गए? यह बड़ा सवाल है, इससे खलबली भी मची हुई है। ऐसे में कोई भी जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं है। जो सैंपल गायब हुए है, उनमें प्रवासियों के भी सैंपल थे। ऐसे में प्रवासियों से संक्रमण का खतरा बना हुआ है।
यह मामला अभी मेरे संज्ञान में नहीं है। विभागीय अधिकारियों से इस संबंध में जानकारी ली जाएगी और यदि ऐसा कुछ होगा तो मामले की जांच कराई जाएगी।
-धीराज सिंह गर्ब्याल जिलाधिकारी नैनीताल।