राज्य भंडारण निगम के 39 कर्मचारी आठ महीने के वेतन की मांग को लेकर सामूहिक अवकाश पर चले गए हैं। इससे पूरे कुमाऊं में चावल की आपूर्ति ठप हो गई है। उधर, मंडी स्टेट पूल के गोदाम में किसी भी मिल का चावल नहीं पहुंचा।
खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग चावल मिलों से खराब चावल बदलवा रहा है। मिलों की ओर से आए चावल की जांच राज्य भंडारण निगम के तकनीकी कर्मचारी कर रहे हैं। सोमवार से राज्य भंडारण निगम के सभी 39 कर्मचारी आठ माह के वेतन की मांग को लेकर सामूहिक अवकाश में चले गए।
दो दिन छुट्टी और सोमवार को एसडब्ल्यूसी के कर्मचारियों के गोदाम में नहीं पहुंचने से तीन दिन से मंडी स्टेट पूल के गोदाम में चावल नहीं उतरा है। इससे पूरे कुमाऊं में चावल की आपूर्ति ठप हो गई है।
अल्मोड़ा, चमोली में तीन माह से नहीं मिला चावल
मंडी और कमलुवागांजा गोदाम में खराब चावल भरे होने और मिलों की ओर से चावल बदलने में देरी करने की वजह से अल्मोड़ा और चमोली जिले में तीन माह से चावल का कोटा नहीं मिल सका है। नैनीताल जिले में दो माह से राशन कार्ड धारकों को चावल नहीं मिल पाया है।
नोटिस के आठ दिन बीते, कमलुवागांजा में नहीं आया चावल
चावल के सैंपल फेल होने के बाद संभागीय खाद्य नियंत्रक की ओर से बनायी गई छंटाई टीम ने आठ दिन पहले बाजपुर की चावल मिलों को नोटिस भेजा था। इसमें तीन दिन में मानकों के अनुसार चावल भेजने को कहा गया था।
चावल नहीं भेजने की दशा में मिलों को काली सूची में डालने की चेतावनी दी थी लेकिन छंटाई टीम की ओर से दो रिमाइंडर भेजने के बाद भी मिलों ने अभी तक सही चावल नहीं भेजा है। उसके बाद भी विभाग की ओर से मिलों को काली सूची में नहीं डाला गया है।
मेरी जानकारी में अल्मोड़ा, चमोली और नैनीताल में चावल नहीं जाने की जानकारी नहीं है। एसडब्ल्यूसी के कर्मचारियों की हड़ताल की वजह से गोदाम में चावल नहीं उतर पा रहा है।
- वीएस धानिक आरएफसी कुमाऊं