फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हल्द्वानी: 172 खाद्य नमूनों की रिपोर्ट लंबित, खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवाल

Wed, 21 Oct 2026 11:09 AM IST
Heera अमर उजाला नेटवर्क, हल्द्वानी

सार

हल्द्वानी में खाद्य विभाग त्योहारों पर सैंपलिंग तेज कर रहा है, लेकिन पहले भेजे गए 172 खाद्य नमूनों की रिपोर्ट अब तक नहीं आई, जिससे जांच और कार्रवाई प्रभावित हो रही है।
विज्ञापन
हल्द्वानी की नामचीन दुकान से खरीदी गई मिठाई में मौजूद कीड़ा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

 

हल्द्वानी में खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली भी अजब-गजब है। एक ओर वह त्योहार शुरू होते ही सैंपलिंग करने लगा तो दूसरी ओर पूर्व में जांच के लिए भेजे गए 172 खाद्य पदार्थों के नमूनों की आज तक रिपोर्ट नहीं आई है। जिन नमूनों की रिपोर्ट आनी है उनमें ऐसे खाद्य पदार्थ भी हैं जो रोजमर्रा के उपयोग में आते हैं और उपयोग न होने पर एक दो दिन में ही खराब हो जाते हैं।

खाद्य सुरक्षा विभाग बाजार में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांचने के लिए समय-समय पर अभियान चलाता है। इस दौरान दुकानों, डेयरियों और अन्य प्रतिष्ठानों से अलग अलग खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए रुद्रपुर स्थित प्रयोगशाला में भेजे जाते हैं। नमूनों की रिपोर्ट में गड़बड़ी मिलने पर संबंधित कारोबारी के खिलाफ खाद्य अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाती है, लेकिन रिपोर्ट आने में देरी होने पर कार्रवाई की प्रक्रिया भी प्रभावित हो जाती है।

इन खाद्य पदार्थाें की आनी है रिपोर्ट

विज्ञापन

खाद्य सुरक्षा विभाग के अनुसार वर्ष 2025-26 में लिए गए सैंपलों में से 12 की रिपोर्ट आनी बाकी हैं। इनमें मिक्स मिल्क खुला (गाय और भैंस) के तीन, खुले पनीर के दो, तमन्ना मसाला, लोंग, मिल्क क्रीम, फ्रूटी ट्रेटा पैक, तिल का तेल के एक-एक सैंपल शामिल हैं। ये सैंपल पांच फरवरी से लेकर 27 मार्च तक में लिए गए थे। इसी तरह वर्ष 2026 में अप्रैल से सितंबर तक लिए गए 160 नमूनों की जांच रिपोर्ट का इंतजार है। इनमें खोया, जूस, खुला आटा, चावल, राजमा, पिज्जा, लस्सी, अरहर दाल, चोको चिप्स, लाल मिर्च, मोतीचूर, चिली सोस, देशी घी, दलिया, बेसन, गुड़ आदि शामिल हैं। मिलावट की आशंका पर लिए गए सैंपल के बाद खाद्य पदार्थाें की बिक्री बाजार में होती रहती है। ऐसे में रिपोर्ट समय से न मिलने पर सवाल खड़े किए जा रहे हैं।

वर्ष                नमूनों     संख्या रिपोर्ट आई      लंबित

2025              398             386                      12

2026                172             12                     160

समय है 14 दिन का लेकिन फोरमलीन से बचा रहे सैंपल
खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुसार किसी भी खाद्य पदार्थ की सैंपलिंग की रिपोर्ट मिलने का समय 14 दिन है लेकिन कुमाऊं की एकमात्र प्रयोगशाला रुद्रपुर में स्टॉफ और संसाधनों की कमी के कारण जांच रिपोर्ट समय से नहीं आ पा रही है। विशेषज्ञों के अनुसार तय समय के बाद नियमों के तहत खाद्य पदार्थ के सैंपल में फोरमलीन मिलाया जाता है, जो खाद्य पदार्थ को खराब करने से बचाता है।

प्राथमिकता के तौर पर लैब में जांच कराई जा रही है, स्टॉफ व संसाधनों की कमी के कारण देरी हो रही है, कुमाऊं की बात करें तो 200 जांचें लंबित हैं और वह इसी साल की हैं। - राजेंद्र कठायत, डिप्टी कमिश्नर, खाद्य सुरक्षा कुमाऊं

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें