चंडीगढ़ कोर्ट, हाईकोर्ट, अदालत, न्यायालय
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हाइकोर्ट ने राज्य के दुर्गम क्षेत्रों में कार्यरत डाक्टरों को सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुरूप वेतन-भत्ते देने के मामले में सरकार को 24 घंटे के अंदर निर्णय लेने के निर्देश दिए हैं।
बृहस्पतिवार को मुख्य न्यायाधीश केएम जोसेफ एवं न्यायमूर्ति वीके बिष्ट की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। देहरादून में कार्यरत डाक्टर दर्शना गौड़ व अन्य ने हाइकोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया के रेग्यूलेशन 9 (2) (डी) के अनुसार सुदूरवर्ती क्षेत्रों में कार्य कर रहे डाक्टरों को एक वर्ष की सेवा में दस प्रतिशत, दो वर्ष की सेवा में बीस प्रतिशत और तीन वर्ष की सेवा में तीस प्रतिशत प्रोत्साहन राशि का लाभ दिया जाए।
याचिकाकर्ता ने सुप्रीम कोर्ट के निर्णय का हवाला देते हुए कहा कि उत्तराखंड को छोड़कर सभी प्रदेशों की सरकारें सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन कर रही हैं। उत्तराखंड सरकार की ओर से उक्त आदेश पर कोई अमल नहीं किया। याचिकाकर्ता की ओर से एमसीआई के रेग्यूलेशन के तहत लाभ दिए जाने की प्रार्थना की थी। ब्यूरो