कार्तिक पूर्णिमा पर गर्जिया मंदिर स्थित कोसी नदी में हजारों श्रद्धालुओं ने स्नान कर पुण्य कमाया। मंदिर में रात्रि बारह बजे से श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला शुरू हुआ जो देर शाम तक जारी था। पुलिस-प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को नियंत्रित किया, जिससे जाम की नौबत नहीं आई।
श्री गर्जिया देवी, गिरिराज हिमालय की पुत्री एवं भगवान शंकर की अर्द्धांगिनी के मंदिर में गंगा स्नान के लिये रामनगर के अलावा काशीपुर, हल्द्वानी, मुरादाबाद, भोजपुर, बाजपुर, बरेली, दिल्ली, ठाकुरद्वारा समेत पर्वतीय क्षेत्रों से भी भारी तादाद में श्रद्धालु पहुंचे।
श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो, इसके लिए मंदिर समिति द्वारा कंट्रोल रूम के अलावा चार-पांच स्थानों पर निशुल्क पार्किंक की व्यवस्था की गई थी। मंदिर समिति की ओर से श्रद्धालुओं को खिचड़ी का प्रसाद भी वितरित किया गया।
सीओ स्वतंत्र कुमार, तहसीलदार सुरेंद्र सिंह ने बताया मेले में एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने मां गर्जिया के दर्शन किये। मंदिर समिति के अध्यक्ष बीडी पांडे ने बताया समिति द्वारा बनाई गयी खिचड़ी के प्रसाद को कम से कम 50 हजार भक्तों ने ग्रहण किया।
इस दौरान एसपी सिटी यशवंत सिंह, सीओ स्वतंत्र कुमार, एसडीएम कालाढूंगी नीरज जोशी, तहसीलदार सुंदर सिंह, कानूनगो महेश जोशी, आरिफ हुसैन समेत मंदिर समिति सचिव डा. देवीदत्त दानी, उपसचिव केसी पंत, कोषाध्यक्ष डा. निशांत पपनै, मनवर सिंह नेगी, दीप जोशी, केएस अधिकारी, हंसादत्त पडलिया, पुनीत शर्मा, गोविंद सिंह अधिकारी सुबह से व्यवस्थाएं बनाने में जुटे रहे। जिससे गंगा स्नान मेला शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
कार्तिक पूर्णिमा पर गर्जिया मंदिर में आयोजित गंगा स्नान मेले में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने बच्चों का मुंडन कराया और उपनयन संस्कार कराया। मेले में अत्यधिक भीड़ होने के चलते कंट्रोल रूम बहुत कामगार साबित हुआ। जहां इसने कई बच्चों को अपने अभिभावकों ने मिलाया तो बाहर से आये श्रद्धालुओं को गाड़ी तक पहुंचने में मदद की।