भारी पुलिस फोर्स के साथ गुरुवार को हल्द्वानी रेलवे स्टेशन से रेलवे की टीम ने वर्षों से जमे अतिक्रमण को चिन्हित करने का काम शुरू कर दिया है। हाईकोर्ट के आदेश पर शुरू हुई इस प्रक्रिया के तहत रेलवे की टीम ने गफूर बस्ती, ढोलक बस्ती और नंधौर वैली रोड पर रेलवे ट्रैक से फीता डालकर रेलवे जमीन के नक्शे के आधार पर 500 मीटर तक अतिक्रमण पर लाल निशान लगाए।
रेलवे ने 450 अतिक्रमणकारियों को नोटिस देने के साथ अपनी भूमि का सीमांकन कर तीन पिलर भी लगाए। रेलवे की ओर से 24 नवंबर को काठगोदाम में राज्य संपदा अधिकारी नोटिस पर सुनवाई करेंगे, जिसमें चिन्हित अतिक्रमणकारी अपना पक्ष रख सकेंगे।
हाईकोर्ट द्वारा रेलवे की भूमि से दस सप्ताह में अतिक्रमण हटाने के आदेश का पालन कराने के लिए बृहस्पतिवार को सुबह दस बजे से पहले ही इज्जतनगर मंडल पूर्वोत्तर रेलवे के अधिकारियों का काफिला रेलवे सुरक्षा बल को लेकर रेलवे स्टेशन पर पहुंच गया था।
करीब सवा 11 बजे स्थानीय पुलिस एवं प्रशासन के अधिकारी पीएसी और पुलिस फोर्स लेकर पहुंच गए थे। रेलवे और स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों ने बैठक कर अतिक्रमण को चिन्हित करने की रणनीति तैयार की। रेलवे स्टेशन परिसर में सुबह से बड़ी संख्या में फोर्स पहुंचने से आसपास की बस्तियों में पहले ही दहशत फैल गई थी।
दोपहर करीब पौने 12 बजे रेलवे की टीम ने टिकटघर एवं आरक्षण केंद्र से अतिक्रमण को चिन्हित करने के लिए फीता डालकर नापजोख करनी शुरू की तो वहां तमाशबीनों की भीड़ एकत्र हो गई। रेलवे का फीता स्टेशन परिसर से सीधा मालगोदाम रोड पर इदरीश बिल्डिंग पर जाकर रुका।
इस बिल्डिंग का आधा हिस्सा अतिक्रमण के दायरे में आ रहा है। रेलवे की टीम ने मालगोदाम रोड पर चिन्हित अतिक्रमण पर निशान लगाने के बाद गफूर बस्ती और ढोलक बस्ती में रेलवे ट्रैक से फीता डालकर नापजोख की तो बीच में झोपड़ पट्टी के अलावा पक्के मकान आने से रेलवे टीम के हाथ-पांव फूल गए।
जहां सीधी रोड मिल गई वहां तो फीता डालकर सीमांकन हो गया। बाकी बस्ती में फीते से नापजोख करने में बेहद मुश्किल का सामना करना पड़ा। घनी झोपड़ बस्ती में जहां पैदल निकलना मुश्किल था वहां अतिक्रमण को चिन्हित करने में रेलवे टीम के पसीने छूट गए।
किसी तरह पुलिस ने ढोलक बस्ती एवं गफूर बस्ती में सीमांकन कराकर नोटिस चस्पा कराने का काम पूरा कराया। इसके उपरांत रेलवे ट्रैक से होते हुए सीमांकन करते हुए रेलवे टीम नंधौर वैली रोड पर पहुंची तथा रेलवे क्रासिंग से अतिक्रमण को चिन्हित कर किदवई नगर के एक होटल तक निशान लगा दिए।
इधर, नंधौर वैली रोड पर सीमांकन की प्रक्रिया के बीच ही भारी भीड़ एकत्र होने पर रेलवे और स्थानीय प्रशासन के अधिकारी बनभूलपुरा थाने में चले गए। थाने में करीब पौने तीन बजे तक अधिकारियों की गहन मंत्रणा के बाद सीमांकन की प्रक्रिया को यहीं रोक दिया गया।
रेलवे के वरिष्ठ मंडलीय अभियंता (समन्वय) वीके गुप्ता ने बताया रेलवे ट्रैक से 4.25 किलोमीटर तक लंबाई और 500 से 800 फीट चौड़ाई में सीमांकन कार्य होना था, लेकिन पहले चरण में रेलवे ट्रैक से 500 मीटर लंबाई में सीमांकन कार्य पूरा हो सका तथा तीन पिलर लगाए गए हैं।
उन्होंने बताया कि अतिक्रमणकारी नोटिस को लेकर अपना पक्ष रख सकते हैं। 24 नवंबर को रेलवे के राज्य संपदा अधिकारी काठगोदाम रेलवे स्टेशन पर नोटिस पर सुनवाई करेंगे। रेलवे के पीआरओ राजेंद्र सिंह ने बताया 450 लोगों को नोटिस दिए गए हैं।
रेलवे के अनुसार रेलवे की भूमि से बाकी अतिक्रमण पर सीमांकन का कार्य अगले सप्ताह में पूरा किया जाएगा।
इस दौरान पूर्वोत्तर रेलवे इज्जतनगर मंडल के सीनियर डीईएन अरुण कुमार, सीनियर डीईएन वीके गुप्ता, कमांडेंट आरआर मीणा, सीनियर सेक्शन इंजीनियर केएन पांडे, स्थानीय प्रशासन की ओर से एसपी सिटी यशवंत सिंह, एसडीएम एपी बाजपेयी, सीओ दिनेश चंद्र ढौंढियाल, सीओ लोकजीत सिंह समेत कई थानों के थानाध्यक्ष मौजूद रहे।