नैनीताल हाईकोर्ट ने प्रदेश में विभिन्न कैडर के न्यायिक पदों पर भर्ती के लिए रिक्त पदों की संख्या सहित भर्ती प्रक्रिया निर्धारित कर दी है। इसके अनुसार हायर ज्यूडिशियल सर्विस, सिविल जज सीनियर और जूनियर डिवीजन के पदों पर नियुक्ति प्रक्रिया का निर्धारण किया गया है। हाइकोर्ट की रजिस्ट्रार जनरल कहकशा खान ने इस आशय की सूचना जारी की है।
मलिक मजहर सुल्तान और अन्य बनाम यूपी लोकसेवा आयोग के मामले में सुप्रीम कोर्ट से जारी निर्देशों के अनुपालन में उच्च न्यायालय ने वर्ष 2025 के लिए न्यायिक सेवा कैडर की संभावित रिक्तियों सहित कुल पदों का निर्धारण कर दिया।
इसके अनुसार हायर ज्यूडिशियल सर्विस में 65 फीसदी पदों पर भर्ती सिविल जज सीनियर डिवीजन के पद से मेरिट और वरिष्ठता के आधार पर पदोन्नति से की जाएगी। इस श्रेणी में संभावित पदों की संख्या तीन होगी। इस श्रेणी में 10 फीसदी भर्ती (एक पद) प्रतिस्पर्धी परीक्षा के माध्यम से की जाएगी और 25 फीसदी (चार पद) बार से सीधी भर्ती के माध्यम से भरे जाएंगे। सिविल जज सीनियर डिवीजन के चार पद सिविल जज जूनियर डिवीजन कैडर से प्रमोशन के माध्यम से भरे जाएंगे, जबकि सिविल जज जूनियर डिवीजन के चार पदों पर सीधी भर्ती की जाएगी। प्रकरण में सुप्रीम कोर्ट ने विभिन्न राज्यों में न्यायिक सेवा में भर्ती के लिए संबंधित राज्यों के मुख्य न्यायाधीश, मुख्यमंत्रियों और राज्य लोकसेवा आयोग के समन्वय से भर्ती प्रक्रिया तय करने के निर्देश दिए थे।
चार बेंच सचिव पदोन्नत
उत्तराखंड हाईकोर्ट में कार्यरत चार बेंच सचिव ग्रेड टू को ग्रेड वन में पदोन्नत किया गया है। इनमें देव आशीष, अर्चना तिवारी, गणेश चंद्रा और हरीश किशोर शामिल हैं।