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Nainital News: एसटीएच के सीनियर फैकल्टी पर आया दबाव, 4.30 बजे तक चली ओपीडी

Tue, 15 Sep 2026 02:26 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
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हल्द्वानी।
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स्टाइपेंड की मांग पर अड़े रेजीडेंट डॉक्टरों की हड़ताल से सुशीला तिवारी अस्पताल में इलेक्टिव ऑपरेशन बंद हो गए हैं। निश्चेतना विशेषज्ञ के धरने पर बैठने से इमरजेंसी ऑपरेशनों में भी अब समय लग रहा है। एसटीएच में मरीजों की सेवाओं पर इसका असर पड़ रहा है। जहां पांच डॉक्टर देख रहे थे, वहां अब दो डॉक्टर हैं। सोमवार को सीनियर फैकल्टी पर इतना दबाव रहा कि मेडिसिन विभाग में 4:30 बजे तक ओपीडी चली और 380 मरीजों की जांच की गई।
मेडिसिन, गायनी, यूरोलॉजी, स्किन, सर्जरी, ईएनटी, नेत्र रोग विभाग सभी में डॉक्टरों की संख्या सीमित हो चुकी है। बाल रोग विभाग में स्वयं प्राचार्य रोगियों को देख रहे हैं। एसटीएच में विभिन्न विभागों में 60 से अधिक ऑपरेशन होते हैं। गायनी में करीब 20, सर्जरी में 10 से 12, ईएनटी में सात से नौ, ऑर्थो विभाग में 10 से 12 ऑपरेशन होते हैं। इसके अलावा नेत्र रोग विभाग में भी 7 से 8 ऑपरेशन हर रोज होते हैं। पीजी डाॅक्टरों ने ओपीडी का पूरी तरह बहिष्कार किया है।
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सोमवार को प्राचार्य प्रो. अजय आर्या और एमएस डाॅ. अरुण जोशी भी आंदोलित डॉक्टरों को मनाने पहुंचे लेकिन बात नहीं बनीं। आंदोलित डॉ. मोनिस खान ने बताया कि सरकार कोई सुध नहीं ले रही है। अब आंदोलन और तेज किया जाएगा। धरने पर डॉ. प्रभात, डॉ. राजदीप, डॉ. विकास, डॉ. स्वाति, डाॅ. फर्णिका, डॉ. विक्की समेत कई डॉक्टर मौजूद रहे।
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एचओडी 9 से 3 बजे तक देखेंगे मरीज
अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अरुण जोशी ने सभी विभागाध्यक्षों को पत्र जारी किया है। कहा कि रेजीडेंट डॉक्टरों की हड़ताल के चलते कार्य प्रभावित न हो और सभी मरीजों की जांच सुनिश्चित हो, इसलिए सभी एचओडी, असिस्टेंट प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर सुबह नौ से तीन बजे तक हर हाल में अस्पताल में मौजूद रहेंगे।
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