नैनीताल। हाईकोर्ट ने काशीपुर के द्रोणसागर के तीन सौ मीटर के दायरे में किए गए अतिक्रमण के खिलाफ दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद सरकार को तीन सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। न्यायालय ने चिन्हित अतिक्रमणकारियों को कारण बताओ नोटिस देने को भी कहा है। सरकार की ओर से इस प्रकरण पर स्थिति स्पष्ट करते हुए कोर्ट को बताया गया कि अभी तक 160 अतिक्रमणकारी चिन्हित किए जा चुके हैं।
मुख्य न्यायाधीश रमेश रंगनाथन एवं न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। मामले के अनुसार अधिवक्ता अंकुरित राज डेविड ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि काशीपुर के द्रोणसागर झील के किनारे और उसके तीन सौ मीटर के दायरे में लोगों ने अतिक्रमण कर शॉपिंग मॉल, घर और दुकानों का निर्माण किया है। इस कारण द्रोणसागर का अस्तित्व खतरे की जद में आ गया है। याचिका में कहा कि इसको हटाने के लिए उन्होंने जिला प्रशासन और सरकार को कई प्रत्यावेदन दिए लेकिन इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने सरकार को तीन सप्ताह के भीतर जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए।