हल्द्वानी। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल अब मारपीट तक पहुंच गई है। सफाई कर्मचारियों के दो संगठनों ने इसे प्रतिष्ठा से जोड़ा तो शनिवार को सुबह से शाम तक जमकर हंगामा हुआ। देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ से जुड़ीं महिला सफाई कर्मियों ने उत्तरांचल स्वच्छकार कर्मचारी संघ से जुड़े सफाई नायक की नगर निगम परिसर में चप्पल और लाठी-डंडों से पिटाई कर दी। इससे मामला और गरमा गया। पुलिस ने सफाई नायक राजेंद्र की तहरीर पर 10 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। रात में पांच लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उधर, मामला शासन तक पहुंचा तो मारपीट मामले में संविदा और स्वच्छता समिति के आठ कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया है।
देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ 11 सूत्री मांगों को लेकर 19 जुलाई से आंदोलनरत है। दूसरे संगठन उत्तरांचल स्वच्छकार कर्मचारी संघ से जुड़े सफाई कर्मी काम कर रहे हैं। नगर निगम ने भी 20 सफाई कर्मी और एक जेसीबी और डंपर किराए में लिया है। आरोप है कि आंदोलनरत कर्मचारी इन्हें काम करने नहीं दे रहे हैं। शनिवार को इस बात को लेकर
सुबह से दोनों संगठन के लोग आमने-सामने आ गए थे। उत्तरांचल स्वच्छकार कर्मचारी संगठन से जुड़े सफाई नायक राजेंद्र नगर निगम में पहुंचे तो वहां धरना दे रहीं महिला कर्मचारियों ने उन्हें चप्पल और डंडे से पिटना शुरू कर दिया। नगर निगम के गार्ड और कर्मचारियों ने सफाई नायक को किसी तरह से बचाया। उधर, देर रात पुलिस ने मारपीट के आरोपी गोलू, बबली, कृष्णा, मंजू और अनीता को गिरफ्तार कर लिया। बाद में महिलाओं को जमानत पर छोड़ दिया गया।
वीडियो वायरल होने के बाद बर्खास्तगी की कार्रवाई
हल्द्वानी। नगर स्वास्थ्य अधिकारी की ओर से जारी आदेशों में कहा गया है कि बबली, अनीता, अभिषेक, सुशीला, मन्नु, गोलु, कृष्ण और रोहित का वीडियो वायरल हुआ है। यह घोर अनुशासनहीनता है इसलिए सभी की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त की जाती है। वीडियो में तीन-चार महिला सफाई कर्मी और एक पुरुष सफाई कर्मी सफाई नायक को डंडे, झापड़ और चप्पल से मारते दिख रहे हैं। इसके बाद देवभूमि सफाई कर्मचारी संघ से जुड़ा एक सफाई कर्मी और नगर निगम का गार्ड सफाई नायक को बचाकर गार्ड रूम में ले जाते हुए दिखाई दे रहा है।
बलवा और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप
हल्द्वानी। सफाई नायक की पिटाई के मामले में कोतवाली पुलिस ने दस लोगों के खिलाफ बलवा और सरकारी कार्य में बाधा सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
सफाई नायक राजेंद्र ने पुुलिस को बताया कि उसे नगर निगम गेट पर पीटा गया है। नायक के साथ उत्तरांचल स्वच्छकार कर्मचारी संघ के अध्यक्ष राम अवतार राजौर सहित काफी संख्या में सफाईकर्मी कोतवाली पहुंचे। पुलिस ने राजेंद्र का मेडिकल मुआयना कराने के बाद उसकी तहरीर ली। सफाई नायक का आरोप था कि वह अधिकारियों के निर्देश पर नवाबी रोड में सफाई करने गया था। इस बीच धरना में शामिल लोगों ने उस पर हमला करने की कोशिश की। नगर निगम गेट में घुसते ही महिला और कुछ युवकों ने उसे पीट दिया। इनमें गोलू, बबली, सुशीला, कृष्णा, मंजू, अनीता, रोहित, अमित, जय प्रकाश, आजाद के नाम शामिल हैं। कोतवाल मनोज रतूड़ी ने बताया कि आरोपी बबली और अनीता ने भी एक तहरीर पुलिस को दी थी। आरोप लगाया कि वह धरने पर बैठी थी। इसी समय नायक राजेंद्र ने उसके साथ गाली गलौज और हाथापाई की थी। कोतवाल का कहना है कि महिला की तहरीर इसी मुकदमे में शामिल होगी।
कार्य में बाधा डाली तो होगा मुकदमा दर्ज
हल्द्वानी। सचिव शहरी विकास विनोद कुमार सुमन ने कहा कि हड़ताल करना कर्मचारियों का अधिकार है। हड़ताल करने से शासन कर्मचारियों को रोक भी नहीं रहा है। दूसरों को काम करने में या निगम की ओर से वैकल्पिक व्यवस्था के तहत कूड़ा उठाने पर अगर हड़ताली कर्मचारियों ने व्यवधान डाला तो उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज होगा। उधर, नगर आयुक्त चंद्र सिंह मर्तोलिया ने कहा कि शासन से आदेश मिल गए हैं। अगर किसी ने सफाई का काम रोका तो उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
जेसीबी के आगे लेटे आंदोलनरत कर्मचारी
हल्द्वानी। आंदोलनरत सफाई कर्मचारियों ने महिला डिग्री कॉलेज के पास से कूड़ा नहीं उठने दिया। इससे कूड़ा उठाने वाले ठेका कर्मियों से निगम के कर्मचारियों की बहस हुई। इसके बाद आंदोलनरत कर्मी जेसीबी के आगे लेट गए। पुलिस और नगर निगम के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचने के बाद किसी तरह मामला शांत हुआ।
करीब 10 बजे नगर निगम प्राइवेट जेसीबी और कर्मचारियों की मदद से महिला डिग्री कॉलेज के पास कूड़ा उठवा रहा था। इससे गुस्साए हड़ताली सफाई कर्मी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने काम रुकवा दिया और जेसीबी के आगे लेट गए। मामला हाथापाई तक पहुंच गया। इसके बाद नगर आयुक्त चंद्र सिंह मर्तोलिया, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज कांडपाल पुलिस फोर्स के साथ पहुंचे लेकिन आंदोलनरत कर्मियों ने कूड़ा नहीं उठने दिया। अधिकारी और पुलिस के जवान काम बंद करके वहां से लौट गए।
सफाई कर्मियों ने निकाली रैली, शहरी विकास मंत्री का पुतला फुंका
हल्द्वानी। मांगें नहीं माने जाने से गुस्साए देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मियों ने मांगे शहर में रैली निकाली। उसके बाद एसडीएम कोर्ट के सामने शहरी विकास मंत्री बंशीधर भगत का पुतला दहन किया।
शनिवार सुबह से ही सफाई कर्मी नगर निगम में टेंट लगाकर बैठे रहे। दोपहर बाद उन्होंने नगर निगम से रैली निकाली। प्रदेश अध्यक्ष राहत मसीह ने कहा कि शहरी विकास मंत्री बंशीधर भगत हल्द्वानी क्षेत्र के हैं। इसके बाद भी वह सुध नहीं ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि इससे जनता को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
नगर निगम कार्यालय में कूड़े के डिब्बों को पलटा
हल्द्वानी। नगर निगम कार्यालय में किसी ने कूड़े के डिब्बों को पलट दिया है। इस कारण निगम कार्यालय, गैलरी में कूड़ा फैला रहा। निगम के अधिकारी नगर निगम कार्यालय तक की सफाई नहीं करा पा रहे हैं।
उत्तरांचल स्वच्छकार कर्मचारी संघ ने कोतवाली का किया घेराव
मारपीट के आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार करने की मांग को लेकर उत्तरांचल स्वच्छकार कर्मचारी संघ से जुड़े कर्मियों ने कोतवाली का घेराव किया। इसके बाद पुलिस ने 10 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। इसके बाद उत्तरांचल स्वच्छकार कर्मचारी संघ से जुड़े सफाई कर्मी लौट गए।
एसएनए और नगर स्वास्थ्य अधिकारी पहुंचे कोतवाली
हल्द्वानी। सफाई नायक को पिटाई के बाद नगर आयुक्त के निर्देश पर सहायक नगर आयुक्त गौरव भसीन और नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज कांडपाल कोतवाली पहुंचे। उन्होंने कोतवाल से मिलकर सफाई नायक के साथ मारपीट करने वाले आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की।
देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारियों ने घेरी कोतवाली
हल्द्वानी। देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ से जुड़े 10 कर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने से गुस्साए पदाधिकारियों कोतवाली का घेराव कर दिया। उन्होंने सत्ता पक्ष के दबाव में एकतरफा कार्रवाई करने का आरोप लगाया। देवभूमि सफाई कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष राहत मसीह ने कहा कि सत्ता पक्ष के दबाव में मुकदमा दर्ज हुआ है जबकि उनसे जुड़े सफाई कर्मी हड़ताल में हैं। उन्होंने कहा कि सफाई नायक की ओर से महिला को अपशब्द कहे गए और जबरन काम करने के लिए कहा गया। यही बात हाथापाई तक पहुंच गई। उन्होंने कहा कि महिला सफाई कर्मी की ओर से भी पुलिस को तहरीर सौंपी गई है लेकिन पुलिस ने एकतरफा कार्रवाई की है।
टाइम लाइन
9:30 बजे देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ ने निगम में धरना शुरू किया।
10 बजे आंदोलनरत कर्मचारियों को महिला डिग्री कालेज के पास सफाई की सूचना मिली।
10:15 बजे आंदोलनरत सफाई कर्मचारी महिला डिग्री कालेज पहुंचे। काम रुकवाया।
10:45 बजे नगर आयुक्त चंद्र सिंह मर्तोलिया और नगर स्वास्थ्य अधिकारी डा. मनोज कांडपाल पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे।
11:00 बजे नगर निगम के अधिकारियों ने कूड़ा नहीं उठवाया। वापस लौटे।
दोपहर 1:00 बजे आंदोलनरत महिला सफाई कर्मियों ने सफाई नायक को पीटा।
1.20 बजे पुलिस मौके पर पहुंची।
1:25 बजे देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ ने रैली निकाली।
1:40 बजे शहरी विकास मंत्री बंशीधर भगत का पुतला फूंका।
3:00 बजे उत्तरांचल स्वच्छकार संगठन ने कोतवाली का घेराव किया।
3:30 बजे नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज कांडपाल और सहायक नगर आयुक्त गौरव भसीन कोतवाली पहुंचे।
3:45 बजे मुकदमा दर्ज। स्वच्छकार संगठन से जुड़े लोग लौटे।
4:30 बजे देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ ने सत्ता पक्ष के दबाव में मुकदमा दर्ज करने का लगाया आरोप। कोतवाली घेरी।
7: बजे तक कोतवाली में जमा रहे।