हल्द्वानी। महिला अस्पताल का सिक नियो नेटल केयर यूनिट अब दो पाली में शुरू हो गया है। हालांकि गंभीर रूप से बीमार दो बच्चे ही भर्ती किए जा रहे हैं।
एसएनसीयू में कार्यरत छह नर्स ने काम छोड़ दिया है, अन्य स्टाफ अवकाश पर था। इसके कारण आठ से दस नवंबर तक एसएनसीयू को बंद कर दिया गया। 11 को केवल एक पाली (दोपहर) के लिए खोला गया। इसमें एक से दो बच्चों को भर्ती करने की स्थिति अस्पताल प्रबंधन ने बताई। पर इस दिन कोई भी भर्ती नहीं हुआ था। यहां फोटोथेरेपी के लिए बच्चों को भर्ती किया जाता है। अब एसएनसीयू को सुबह और दोपहर दोनों पाली में चलाने का फैसला किया गया है।
चिकित्सा अधीक्षक डॉ. उषा जंगपांगी का कहना है कि दो पाली में बच्चों का भर्ती किया जा रहा है, अभी तक पांच बच्चे भर्ती किए गए हैं। अभी नाइट शिफ्ट में बच्चों को भर्ती करने की व्यवस्था नहीं हो सकी है। जैसे ही नर्सिंग स्टाफ मिलेगा, तीसरी पाली में भी बच्चों को भर्ती कर इलाज की व्यवस्था की जाएगी।
महिला अस्पताल के बहुमंजिला भवन की लिफ्ट हुई ठीक
हल्द्वानी। महिला अस्पताल की चार मंजिला इमारत की पंद्रह दिनों से बंद लिफ्ट मंगलवार की शाम ठीक हो गई। लिफ्ट खराब होने से मरीज, तीमारदारों के अलावा स्टाफ को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। महिला अस्पताल के पुराने तीस बेड के अस्पताल के भवन को तोड़कर नए भवन को बनाने का काम शुरू किया गया। बताया जाता है ध्वस्तीकरण के कारण धूल, गंदगी आदि भवन में न पहुंचे, इसके लिए बैरिकेड्स बनाने के दौरान करीब बीस दिन पहले अस्पताल में जा रही एलटी लाइन क्षतिग्रस्त हो गई और लिफ्ट का संचालन बंद हो गया। बीच में उसे ठीक करने का प्रयास किया गया, लेकिन सफलता नहीं मिली। बाद में नई लाइन बिछाने का फैसला किया गया। महिला अस्पताल की चिकित्सा अधीक्षक डॉ. उषा जंगपांगी का कहना है कि एलटी लाइन में खराबी से लिफ्ट बंद हो गई थी जो अब सुचारू हो गई है।