स्त्री रोग विशेषज्ञ समेत दो का वेतन रोकने के आदेश
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डीएम दीपक रावत ने सोमवार की शाम खैरना स्थित और पीपीपी मोड में संचालित सीएचसी का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
इस दौरान उन्होंने ड्यूटी से नदारद स्त्री रोग विशेषज्ञ और जनरल ड्यूटी मेडिकल ऑफिसर (जीडीएमएस) का एक-एक माह का वेतन रोकने के साथ ही जीडीएमएस को तत्काल हटाने के निर्देश भी दिए।
कहा कि ड्यूटी के दौरान लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बीडीसी बैठक से लौटते वक्त डीएम रावत सीधे सीएचसी खैरना पहुंचे। उन्होंने कहा कि अस्पताल के संबंध में कई शिकायतें मिल रही थीं।
उपस्थिति पंजिका की जांच के दौरान पता चला कि स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. निधि आर्या ड्यूटी से नदारद हैं, जबकि अस्पताल में एक गर्भवती महिला भर्ती है। उन्होंने डॉक्टर का एक माह का वेतन रोकने के निर्देश दिए।
डीएम ने ड्यूटी से नदारद जीडीएमएस डॉ. देवेश चौधरी का एक माह का वेतन रोकने के साथ ही उन्हें हटाने के निर्देश शील प्रबंधक हेमेंद्र गंगवार को दिए। रावत ने प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. सतीश पंत से मरीजों को दी जाने वाली दवाइयों की जानकारी ली और वार्ड में पहुंचकर मरीजों के हाल जाने।
डीएम ने शील प्रबंधक को निर्देश दिए कि वह बोर्ड में उनका नंबर लिखें, ताकि मरीज और तीमारदार अपनी दिक्कतों के बारे में सीधे उन्हें बता सकें। उन्होंने अस्पताल में अव्यवस्थाओं को लेकर शील प्रबंधक को भी जमकर फटकार लगाई।
निरीक्षण के दौरान विधायक सरिता आर्या, ब्लॉक प्रमुख सतीश नैनवाल, सीडीओ ललित मोहन रयाल आदि थे।