ग्राफिक एरा पर्वतीय विश्वविद्यालय में आयोजित ग्राफेस्ट-2015 में विद्यार्थियों के तकनीकी कौशल में निखार के लिए तरह-तरह के रोबोट बनाने, अनुपयोगी चीजों से उपयोगी सामान तैयार करने और पुल निर्माण जैसे मुकाबले हुए। वार्षिक समारोह में क्ले आर्ट, खेल प्रतियोगिताओं और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुए।
मंगलवार को दूसरे दिन विद्यार्थियों के बीच रोबोट्स की प्रतियोगिता हुई, जिसमें छात्र-छात्राओं द्वारा बनाए गए रोबोटों को गड्ढे, पत्थर, रेत आदि से भरे रास्तों को पार करना था। इसका फाइनल बुधवार को होगा। रोबोट के फुटबाल मैच में ग्राफिक एरा डीम्ड विवि की टीम के रोबोट ने भीमताल परिसर के रोबोटों को 3-2 से हराया। विजेता रोबोट को मानस, जय, आनंद एवं दीपक रावत की टीम ने तैयार किया था। दूसरा स्थान पाने वाले रोबोट को प्रशांत नेगी, नितिन जोशी और अमित की टीम ने तैयार किया था।
सिविल इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट ने आईस्क्रीम स्टिक से पुल बनाने की तकनीकी प्रतियोगिता आयोजित की, जिसमें ग्राफिक एरा भीमताल की टीम ने तीन घंटे में 540 ग्राम वजन का पुल तैयार किया। इसे तैयार करने में धीरेंद्र रावत और निशा सक्सेना शामिल थे। पुल निर्माण के मुकाबले में दूसरा स्थान भीमताल परिसर के भावेश जीना, हिमांशु जोशी ने जीता। सर्वे करने संबंधी प्रतियोगिता में भीमताल परिसर के मनोज कबडवाल, नितिन हर्बोला, मोहम्मद सईद की टीम ने पहला, देहरादून परिसर के अभिषेक पोखरियाल, अविनाश थपलियाल, अपूर्वा श्रीवास्तव की टीम ने दूसरा स्थान प्राप्त किया।
ग्राफिक एरा ग्रुप के अध्यक्ष एवं विवि के चांसलर डा. कमल घनसाला ने कहा कि इंजीनियरिंग, कंप्यूटर एप्लीकेशन और मैनेजमेंट से जुड़ी प्रतियोगिताएं मनोरंजन के साथ ही आगे बढ़ने के अवसर प्रदान करती हैं। सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं ने मूक नाटिका पतित पावनी का मंचन कर गंगा में बढ़ते प्रदूषण को जगजाहिर किया। क्ले आर्ट प्रदर्शनी में विद्यार्थियों ने मौके पर ही भगवान गणेश की प्रतिमा के साथ ही कई प्रतिमाएं बनाईं। जंकयार्ड वार में बेकार चीजों से टरबाइन, पवन चक्की आदि बनाने के मुकाबले हुए। फोटोग्राफी प्रदर्शनी भी की गई। इस मौके पर कुलपति डा.संजय जसोला, डीन डा.आरसीएस मेहता, सहायक निदेशक डा. मनीष बिष्ट, डीएसडब्लू डा. मनोज लोहनी आदि मौजूद थे।