चावल के खेल का मामला अभी ठंडा भी नहीं पड़ा था कि अब यहां छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, पंजाब और हरियाणा के बोरे हल्द्वानी पहुंच गए। कोलकाता से 3500 बोरे यहां पहुंचने पर अधिकारी दंग रह गए। ये बोरे कैसे पहुंचे, आरएफसी ने इसकी जांच के लिए समिति बना दी है। जांच रिपोर्ट एक सप्ताह में देने को कहा गया है।
उत्तराखंड में कोलकाता से बोरों की आपूर्ति होती है। खाद्य विभाग की ओर से मंगाए गए बोरों की लॉट से अन्य राज्यों के बोरे यहां आए हैं। शिकायत मिलने पर आरएफसी कुमाऊं ललित मोहन रयाल ने बोरों की लॉट की जांच को समिति गठित कर दी है। समिति से वीडियो रिकार्डिंग करने को भी कहा गया है। आरएफसी ललित मोहन रयाल ने बताया कि रिपोर्ट मिलने के बाद इसे शासन को भेजा जाएगा।
नानकमत्ता मिल से चावल भरकर भेज भी दिया
इन बोरों में चावल भरकर नानकमत्ता मिल से चावल भेज भी दिया गया। जानकारी होने पर अधिकारियों ने गाड़ी को उतारने से मना कर दिया। आरएफसी के आदेश के बाद इन कट्टों को वापस मिल भेज दिया गया। हल्द्वानी स्टेट पूल गोदाम में खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग का चावल उतर रहा है। मिलें सरकारी खरीद का धान कूटकर दे रही हैं।