नैनीताल। नैनीताल डिविजन के जंगल को फायर सीजन में वनाग्नि से बचाने के लिए विभाग ने तैयारियां कर ली हैं। डीएफओ ने जंगलों को आग से बचाने के लिए हर संभव प्रयास करने की बात कही। साथ ही कहा कि जंगल में आग लगाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जंगल में आग लगाने वालों की सूचना देने वालों का नाम गुप्त रखते हुए उसे 20 हजार नकद इनाम दिया जाएगा।
बुधवार को डीएफओ चंद्रशेखर जोशी ने प्रेसवार्ता कर कहा कि बारिश नहीं होने से जंगलों में आर्द्रता कम हो गई है। इस कारण इस वर्ष जंगलों में आग लगने की आशंका ज्यादा है। उन्होंने बताया कि वन विभाग की नैनीताल डिविजन में मौजूद 70 क्रू स्टेशन में विभागीय कर्मचारियों के साथ 270 फायर वाचर तैनात किए जाएंगे। संवेदनशील क्षेत्र में विशेष ध्यान देने के लिए क्विक रिस्पांस टीम बनाई गई हैं। साथ ही क्षेत्रों में लोगों की जागरूकता के लिए साइन बोर्ड भी लगाए जा रहे हैं।
डीएफओ ने बताया कि जंगलों को आग से बचाने के लिए वन पंचायतों व ग्राम पंचायतों के साथ भी बैठकें की गई हैं। ग्रामीणों और महिला समूह की महिलाओं को शीतलाखेत मॉडल पर ट्रेनिंग की गई है ताकि ग्रामीण अपने क्षेत्र के जंगलों में लगी आग को सावधानी के साथ बुझा सकें। उन्होंने बताया कि अपने जंगलों को बचाने वाली वन पंचायतों व ग्राम पंचायतों को विभाग की ओर से पुरस्कृत किया जाएगा।