हाइकोर्ट के आदेश के तहत रामनगर में मंगलवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूछड़ी गांव के पास कोसी नदी खाते में बसे 36 अतिक्रमणकारियों को खदेड़ते हुए उनके कच्चे-पक्के निर्माण को ढहा दिया।
भारी पुलिस बल तैनात होने के चलते लोगों का छुटपुट विरोध अपनी आवाज बुलंद नहीं कर सका। पिछले करीब पांच साल से किए गए अतिक्रमण को टीम ने छह घंटे में ढहा दिया। वहीं, अपने आशियाने को टूटता देख कई अतिक्रमणकारी फूट-फूटकर रोते दिखाई दिए, जबकि एक महिला तो बेहोश तक हो गई।
पूछड़ी गांव में कोसी नदी खाते के अंतर्गत 9.2 हेेक्टेयर क्षेत्र में पिछले पांच साल से अधिक समय से कई लोगों ने अतिक्रमण कर कच्चे-पक्के मकान और दुकान बनाए हुए थे। मंगलवार को एसडीएम परितोष वर्मा, सीओ हल्द्वानी लोकजीत सिंह के नेतृत्व में भारी पुलिस बल दो जेसीबी के साथ मौके पर पहुंचा।
टीम ने हल्के विरोध के बीच एक-एक कर सभी अतिक्रमण को ढहा दिया। इस दौरान एडिशनल एसपी अमित श्रीवास्तव, कोतवाल विक्रम राठौर, संयुक्त चिकित्सालय के फिजिशियन डॉ. बीडी जोशी, तहसीलदार सुंदर सिंह तोमर, एसओ काठगोदाम नीरज भाकुनी, एसएचओ लालकुआं रवि कुमार, राजस्व उपनिरीक्षक आरिफ हुसैन, ताराचंद घिल्डियाल, हरीश यादव सहित जिले भर के 25 एसआई, 25 कांस्टेबल जिले से आए दो प्लाटून पुरुष और एक प्लाटून महिला पीएसी के साथ ही स्थानीय पुलिस प्रशासन मौजूद था।
स्थानीय निवासी ने हाइकोर्ट में दायर की थी याचिका
कोसी नदी खाते में हुए अतिक्रमण को हटाने के लिए अरविंद कुमार निवासी बंबाघेर ने हाइकोर्ट में पीआईएल दायर की थी। इसमें कहा गया था कि यहां रह रहे लोगों ने नदी पर अतिक्रमण किया है। सुनवाई के बाद हाइकोर्ट ने अतिक्रमण हटाने के लिए स्थानीय प्रशासन को आदेश दिए थे।
जेसीबी के आगे आकर बोली, मत तोड़ो
अतिक्रमण ढहाने के लिए जैसे ही जेसीबी से आगे बढ़ी, एक महिला उसके सामने आकर गिड़गिड़ाने लगी और घरों को न तोड़ने की मिन्नतें करने लगी। लेकिन, महिला पुलिस ने उसे तुरंत हिरासत में ले लिया और उसका अतिक्रमण ढहाने के बाद उसे रिहा कर दिया।
कागज दिखाए पर नहीं हुआ कोई फायदा
प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान कई लोगों ने एसडीएम और अन्य अधिकारियों को जमीनों के अभिलेखों के साथ ही कोर्ट में चल रहे मुकदमों के कागजात दिखाकर अतिक्रमण को न तोड़ने की अपील की। लेकिन प्रशासन ने किसी की नहीं सुनीं। इसके अलावा एक जगह एक बगीचा लगा हुआ था, जिसको प्रशासन की ओर से पेड़ों की देखभाल के लिए उद्यान विभाग को सौंप दिया गया।
कनेक्शन काटो और दोबारा मत देना
एसडीएम परितोष वर्मा ने बताया कि बिजली और जलसंस्थान को पत्र भेजा गया है। इसमें साफ कहा गया है कि यहां के अतिक्रमणकारियों के जल्द से जल्द बिजली और पानी के कनेक्शनों को काटा जाए। इसके अलावा भविष्य में अतिक्रमणकारियों को कनेक्शन न दें।