नैनीताल। कलेक्ट्रेट के पास स्थित सिविल कोर्ट के ब्रिटिशकालीन भवन में लगे एक बिजली के बोर्ड में शनिवार सुबह धमाकों के साथ आग लग गई। आग के फैलते ही सिविल कोर्ट परिसर में चारों ओर धुएं का गुबार उठने लगा। कोर्ट के भू-तल और प्रथम तल में मौजूद न्यायाधीश, अधिवक्ता और कर्मचारी आधे घंटे तक कमरों में ही फंसे रहे। कर्मचारियों ने कोर्ट में मौजूद अग्निशमन यंत्रों से आग पर काबू पाया।
जानकारी के मुताबिक शनिवार सुबह पौने ग्यारह बजे के करीब सिविल कोर्ट के मुख्य भवन के भूतल की दीवार पर लगे बिजली बोर्ड के मीटर में धमाकों के साथ उठी चिंगारियों ने आग की लपटों का रूप ले लिया। इससे परिसर में मौजूद अधिवक्ताओं, कर्मचारियों और लोगों में अफरातफरी मच गई। भवन में धुएं का गुबार होने के कारण कई लोग भूतल के कमरों में तो कुछ प्रथम तल (ऊपर) स्थित कमरों में फंस गए। आनन फानन में अग्निकांड की सूचना फायर ब्रिगेड को दी गई।
हालांकि न्यायालय के कर्मचारी हीरा सिंह, राजू और आशिफ ने पास में मौजूद अग्निशमन यंत्रों की मदद से किसी तरह आग पर काबू पाया। आग के पूरी तरह बुझने के बाद सिविल कोर्ट के प्रथम तल से न्यायाधीश, अधिवक्तागण और कर्मचारी समेत करीब 15 से ज्यादा लोग कमरों से बाहर निकले। हादसे के लगभग आधा घंटे के बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक आग बुझाई जा चुकी थी। बाद में दमकल कर्मियों ने घटनास्थल पर पहुंचकर पानी से परिसर को साफ किया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि यदि अग्निकांड रात में होता तो बड़ा नुकसान हो सकता था। इस दौरान जिला शासकीय अधिवक्ता सुशील कुमार शर्मा, नाजिर धीरज सुयाल, बार एसोसिएशन के अध्यक्ष हरिशंकर कंसल, मनीष जोशी, प्रदीप परगाई, पूर्व अध्यक्ष ओमकार गोस्वामी और अग्निशमन विभाग के जवाहर राणा, उमेश कुमार, दिनेश राणा और गौरव कार्की आदि रहे।
अग्निकांड का कारण शॉर्ट सर्किट
सिविल कोर्ट में अग्निकांड की घटना की जानकारी मिलते ही ऊर्जा निगम के अधिकारी और कर्मचारी मौके पर पहुंचे। उपखंड अधिकारी प्रियंक पांडे ने मौके पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त मीटर आदि की जांच की। उन्होंने बताया कि आग लगने की घटना मुख्य लाइन में शॉर्ट सर्किट के कारण हुई।
बिजली गुल होने से कामकाज ठप
सिविल कोर्ट परिसर में हुए अग्निकांड के बाद न्यायालय परिसर की बिजली गुल हो गई, इससे काफी देर तक न्यायालय के कामकाज प्रभावित रहे। मौके पर पहुंची ऊर्जा निगम की टीम ने क्षतिग्रस्त मीटर और वायरिंग को बदलकर दोपहर बाद तीन बजे बाद न्यायालय परिसर की बिजली सप्लाई बहाल की।
सिविल कोर्ट में हुए अग्निकांड के दौरान उठा धूंआ।- फोटो : NAINITAL